Gariyaband Violence : मंदिर तोडफोड करने वाले मुसलमानों ने प्रतिभूति पर कारावास से मुक्त होने के उपरांत पुन: हिन्दुओं पर आक्रमण किया !

  • छत्तीसगढ के गरियाबंद जिले के गांव की घटना

  • ६ पुलिस कर्मचारी घायल

रायपुर (छत्तीसगढ) – राज्य के गरियाबंद जिले के दुधकैया गांव में १ फरवरी को सायंकाल को कारावास से प्रतिभूति पर मुक्त हुए मुसलमान आरोपियों ने हिन्दुओं पर आक्रमण किया, फलस्वरूप पुलिस को लाठीचार्ज करना पडा । उस हिंसा के समय ६ पुलिसकर्मी घायल हो गए ।

मंदिर तोडफोड के प्रकरण की पृष्ठभूमि

४ मास पूर्व इसी परिसर में कुछ मुसलमानों ने गांव के शिव मंदिर को तोडा एवं उसे अपवित्र किया था । उसके उपरांत फिंगेश्वर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई कर सभी आरोपियों को पकड कर कारावास में बंद कर दिया था । इन आरोपीयों ने प्रतिभूति पर बाहर आने के उपरांत, गांव के आरोप कर्ता एवं ग्रामीणों पर आक्रमण किया । पुलिस ने बताया कि आरोपी आरिफ ने अपने २ साथियों सहित कुछ लोगों पर आक्रमण किया । शस्त्रसज्ज आरोपियों ने ग्रामीणों को क्रूरता से पीटा । कुछ युवकों पर पत्थर एवं लोहे की छडों से आक्रमण किया । उसके उपरांत क्रोधित लोगों ने एक-दूसरे के घरों पर आक्रमण किया । कई घरों एवं वाहनों को आग लगा दी गई ।

घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस अधीक्षक घटनास्थल पर पहुंचे । समीपस्त थानों से अतिरिक्त सुरक्षा बल लाकर तैनात किया गया है । संप्रति गांव में निषेधाज्ञा जैसी स्थिति है एवं प्रशासन ने शांति बनाए रखने का आवाहन किया है ।

संपादकीय भूमिका

  • छत्तीसगढ़ में भाजपा की सरकार होने पर ऐसी घटना नहीं होनी चाहिए, ऐसा हिन्दुओं को लगता है !
  • आरोपियों को प्रतिभूति पर छोडना अक्षम्य त्रुटि थी, यह इसी से स्पष्ट होता है ! अब आरोपियों पर द्रुतगति से न्यायालय में वाद प्रविष्ट कर उन्हें आजीवन कारावास का दंड होना चाहिए !