
तंजावूर (तमिलनाडू) – कुछ ही दिन पूर्व सनातन संस्था के संस्थापक सच्चिदानंद परब्रह्म डॉ. जयंत आठवलेजी की एक आध्यात्मिक उत्तराधिकारिणी श्रीचित्शक्ति श्रीमती अंजली मुकुल गाडगीळजी ने तंजावूर के कलांचेरी में स्थित ‘श्री वेदविद्या गुरुकुलम्’का अवलोकन किया । वहां उन्होंने वेदप्रचाररत्नम् ज्योतिष विद्यारत्नम् जी.के. सीतारामन् शास्त्री से मिलकर उन्हें देहली में १३ एवं १४ दिसंबर को होनेवाले सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव का निमंत्रण दिया ।

सीतारामन् शास्त्री के पूर्वज प्राचीन सोमनाथ शिवलिंग के अवशेषों के आदरणीय संरक्षक थे । इस भेंट के अवसर पर श्रीचित्शक्ति श्रीमती अंजली गाडगीळजी ने पवित्र शिवलिंग का अभिषेक किया तथा इस दिव्य धरोहर के वंश एवं महत्त्व के विषय में जी.के. सीतारामन्जी के साथ आध्यात्मिक किया ।

वेदकुलपति जी.के. सीतारामन्जी ने महोत्सव का आमंत्रण स्वीकार किया, साथ ही वे इस महोत्सव में पवित्र सोमनाथ शिवलिंग के अवशेष भी लानेवाले हैं, जिससे श्रद्धालु इस पवित्र धरोहर के साक्षी बन पाएंगे ।

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