संसद में हमेशा के हडकंप के उपरांत लोकसभा के अध्यक्ष ओम बिर्ला का निर्णय !

नई देहली – संसद में मणिपुर के हिंसाचार पर विरोधी पक्षों द्वारा गत ९ दिनों से हडकंप मचाया जा रहा था, तब लोकसभा के अध्यक्ष ओम बिर्ला को १० वें दिन लोकसभा का कामकाज चलाने से मना कर दिया । उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि जब तक संसद के मान-सम्माननुसार सदस्य बर्ताव नहीं करते, तब तक लोकसभा का कामकाज नहीं होगा । संसद का मान रखना, यह सभी का सामूहिक दायित्व है । कुछ सदस्यों का बर्ताव परंपरा के विरुद्ध है ।
#BreakingNews: विपक्ष के हंगामे से स्पीकर ओम बिरला नाराज़, लोकसभा में अध्यक्षता नहीं करेंगे#MonsoonSession #INDIA @thakur_shivangi @JournoPranay pic.twitter.com/fau710tx7T
— Zee News (@ZeeNews) August 2, 2023
संसद का कामकाज २ अगस्त को सवेरे आरंभ होते ही हडकंप शुरू हो जाने से १५ मिनटों में ही दोपहर २ बजे तक कामकाज स्थगित कर दिया गया ।
संपादकीय भूमिकाऐसे निर्णय से हडकंप मचानेवाले सदस्यों पर कोई भी परिणाम नहीं होगा । इसके स्थान पर लोकसभा अध्यक्ष ने अपने अधिकाऱ के अंतर्गत शोरगुल करनेवाले इन सदस्यों को ही संसद से बाहर निकालने, निलंबित करने आदि निर्णय लेना अपेक्षित है । कक्षा में विद्यार्थी जब दंगा-मस्ती करने लगते हैं तो शिक्षक उन्हें कक्षा के बाहर मुर्गा बनकर खडे होने के लिए कहते हैं । इसप्रकार वे उनमें अनुशासन लाने का प्रयत्न करते हैं ! नागरिकों को लगता है कि ऐसा कठोर निर्णय अध्यक्ष को लेना चाहिए ! |
सोनम वांगचुक ने अनशन समाप्त किया !
हमने सरकार के समक्ष रखीं ३ मांगें !
Bangladesh Foreign Affairs Minister : (और इनकी सुनिए) “विश्व का सबसे बडा लोकतंत्र भारत अपने नागरिकों की समस्याओं पर ध्यान देगा, ऐसी आशा है ।”
शिक्षा सचिव का स्थानांतरण– पेपर लीक की घटनाएं रोकने हेतु नया कानून भी बनाएंगे ।
Assam Flood : असम में भीषण बाढ – ४१ लोगों की मृत्यु ।
Taslima Nasreen : जंतर-मंतर पर हुए आंदोलन से बांग्लादेश के हिंसक आंदोलन की याद आ गई ! — तस्लीमा नसरीन