राज्य में मूसलाधार वर्षा से जनजीवन अस्त-व्यस्त !

  • भूस्खलन से मुंबई-पुणे राजमार्ग बंद

  • पटरियों पर पानी भरने से मुंबई की रेल सेवा चरमराई

  • आळंदी में इंद्रायणी नदी संकट के निशान से ऊपर

  • ८ जुलाई तक रेड अलर्ट

मुंबई-पुणे ‘मिसिंग लिंक’ मार्ग पर गिरी विशाल चट्टान

मुंबई – ६ जुलाई को राज्य के अनेक स्थानों पर हुई मूसलाधार वर्षा का सबसे अधिक प्रभाव मुंबई, ठाणे, रायगढ, पुणे, पालघर, रत्नागिरी, सिंधुदुर्ग तथा घाट क्षेत्रों में देखने को मिला । भारी वर्षा के कारण कई स्थानों पर भूस्खलन, यातायात बाधित होना, जलभराव, पेडों का उखडना जैसी घटनाएं हुईं । कई शहरों की नदियां संकट के निशान से ऊपर बहने लगीं, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ । मौसम विभाग ने मुंबई, ठाणे, रायगढ सहित कुछ जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है ।

चाकण में सडक पर भरा पानी

मुंबई चॉल का हिस्सा गिरने से ६ लोगों की मृत्यु

१. मूसलाधार वर्षा से मुंबई एवं उपनगरों का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया । मानखुर्द के जनतानगर क्षेत्र में ५ जुलाई की रात तीन मंजिला कच्ची चॉल का एक भाग अचानक ढह गया । इस दुर्घटना में ५ बच्चों एवं एक महिला की घटनास्थल पर ही मृत्यु हो गई, जबकि एक युवक घायल हो गया । चॉल को पहले से ही संकटकारी घोषित किया गया था । निवासी अपना सामान बाहर निकाल रहे थे, तभी पूरा ढांचा भरभराकर गिर पडा ।

२. भारी वर्षा के कारण पश्चिम, मध्य तथा हार्बर – तीनों उपनगरीय रेल मार्गों पर लोकल ट्रेनें कई मिनट की देरी से चलीं, जिससे लाखों यात्रियों को कठिनाई हुई । अनेक यात्री रेलवे स्टेशनों पर ही फंस गए ।

३. मौसम विभाग द्वारा अति वर्षा की चेतावनी जारी किए जाने के उपरांत मुंबई के सभी सरकारी, निजी, महानगरपालिका तथा अनुदानित विद्यालयों एवं महाविद्यालयों में अवकाश घोषित किया गया ।

पुणे : ‘मिसिंग लिंक’ एवं रेलवे ट्रैक पर भूस्खलन : मुंबई-पुणे यातायात ठप

१. मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर नव निर्मित ‘मिसिंग लिंक’ के समीप बडा भूस्खलन हुआ, जिसके कारण यह मार्ग बंद कर दिया गया । राजमार्ग के अनेक स्थानों पर जलभराव हो गया तथा ‘फूड मॉल’ परिसर में भी पानी भर गया । केवल एक्सप्रेसवे ही नहीं, अपितु पुराना मुंबई-पुणे राजमार्ग भी यातायात के लिए बंद कर दिया गया । इससे कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया तथा यात्रियों को अत्यधिक असुविधा हुई ।

२. लोणावला के समीप रेलवे ट्रैक पर भूस्खलन होने से मुंबई-पुणे रेल सेवा भी पूरी तरह बंद हो गई । प्रशासन ने नागरिकों से अपील की कि अगली सूचना तक पुणे-मुंबई मार्ग पर यात्रा करने से बचें ।

३. अतिवृष्टि के कारण मावळ तहसील स्थित विसापुर किले का एक भाग ढह गया, जिसके नीचे गांव का एक परिवार दब गया । परिवार में पति-पत्नी एवं उनका एक पुत्र सम्मति है । बचाव कार्य के लिए राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) की सहायता ली गई ।

४. पुणे-नाशिक राजमार्ग के अनेक स्थानों पर जलभराव हो गया । कई स्थानों पर सडक पर तेज जलप्रवाह के कारण यातायात धीमा हो गया, जबकि कुछ स्थानों पर पूरी तरह बंद रहा । राजमार्ग के अनेक भाग पानी में डूब गए ।

आळंदी में चार पुल बंद : सहस्रों वारकरी फंसे

इंद्रायणी नदी का रौद्र रूप

लगातार वर्षा के कारण आळंदी की इंद्रायणी नदी संकट के निशान से ऊपर बह रही है । जलस्तर लगातार बढने के कारण यहां के चारों पुल बंद कर दिए गए हैं । इसके चलते आषाढी वारी के लिए आए सहस्रों वारकरी विभिन्न धर्मशालाओं तथा दर्शन मंडपों में फंस गए थे । तत्पश्चात उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया । आपदा प्रबंधन विभाग युद्धस्तर पर राहत एवं बचाव कार्य चला रहा है ।

आळंदी नगर परिषद के मुख्याधिकारी माधव खांडेकर ने अपील की है कि नदी का जलस्तर लगातार बढ रहा है, इसलिए श्रद्धालु, वारकरी एवं स्थानीय नागरिक प्रशासन के निर्देशों का पालन करें और सहयोग दें ।

कोकण : कोकण में मूसलाधार वर्षा : मुंबई-गोवा राजमार्ग बंद

मुंबई-गोवा राजमार्ग पर भूस्खलन का मलबा हटाने का कार्य जारी

१. पिछले तीन दिनों से हो रही मूसलाधार वर्षा के कारण कोकण क्षेत्र में कई स्थानों पर बाढ जैसी स्थिति बन गई है । मुंबई-गोवा राष्ट्रीय राजमार्ग पर कशेडी घाट में ५ जुलाई की देर रात लगभग २.३० बजे होटल अनुसया (खवटी) के समीप विशाल चट्टान गिरने से राजमार्ग बंद हो गया । सूचना मिलते ही खेड पुलिस, राजमार्ग प्रशासन, राजस्व विभाग तथा राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की टीमों ने युद्धस्तर पर मलबा हटाने का कार्य आरंभ किया । लगभग १२ घंटे उपरांत राजमार्ग की एक दिशा यातायात के लिए खोल दी गई ।

२. खेड की जगबुडी नदी संकट के निशान से ऊपर बहने के कारण बाढ की स्थिति अत्यंत गंभीर हो गई । मुख्य बाजार क्षेत्र १५ घंटे से अधिक समय तक पानी में डूबा रहा, जिससे जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हुआ । सुरक्षा की दृष्टि से प्रशासन ने शहर की विद्युत आपूर्ति अस्थायी रूप से बंद कर दी । वर्तमान में नदी का जलस्तर धीरे-धीरे घट रहा है, किंतु निचले क्षेत्रों और बाजार में अभी भी पानी भरा हुआ है ।

८ जुलाई तक राज्य के अनेक भागों में रेड अलर्ट ! – मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने वर्षा से उत्पन्न स्थिति की समीक्षा के लिए आपातकालीन प्रबंधन कक्ष में बैठक की । उन्होंने कहा, “पूरे जुलाई महीने जितनी वर्षा होती है, उतनी केवल चार दिनों में हो चुकी है । ८ जुलाई तक राज्य के अनेक क्षेत्रों के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है । इसलिए सभी नागरिक सावधानी बरतें एवं अनावश्यक यात्रा से बचें । नाशिक और त्र्यंबकेश्वर में बादल फटने की आशंका व्यक्त की गई है, इसलिए ७ जुलाई के लिए भी रेड अलर्ट जारी किया गया है । मुंबई-पुणे राजमार्ग पर गिरे लगभग १०० टन मलबे को हटाने का कार्य जारी है । आषाढी वारी के लिए आनेवाले वारकरी आळंदी जाने की अपेक्षा वर्तमान में पुणे में ही रुकें ।”