गोरक्षा, गो संवर्धन एवं पर्यावरण संरक्षण बिना विकसित भारत कल्पना मात्र है ! – गोपुत्र पं. मानस संजय मिश्र

जयपुर (राजस्थान) – अमावस्या पर ६१वां गोसेवा महामहोत्सव श्री बजरंग दरबार गोसेवा समिति गौधाम पर हर्षोल्लास के साथ मनाया गया ।  पंडित मानस संजय मिश्रा ने श्री गणेश वंदना तत्पश्चात कन्या पूजन, गौपूजन एवं सर्वपितृ तर्पण पूजन किया ।

विश्वशांति के लिए धाम में सामूहिक रुद्राभिषेक और हनुमान चालीसा का पाठ हुआ । गौशाला संचालक संत किशोर दासजी ने नियमित गौसेवक व नवीन गौसेवकों सदस्यों को शॉल पहनाकर व नारियल देकर सम्मान किया ।

आगे सभी गौसेवकों ने गोधाम पर वट, पीपल, अशोक, नीम, आंवला इत्यादि वृक्षारोपण किए । धाम पर पक्षियों के लिए ३१ दाना पात्र व पानी के परिंडे लगाए गए । इस अवसर पर गोपुत्र ज्योतिर्विद पंडित मानस संजय मिश्रा ने कार्यक्रम में उपस्थित लोगों का उद्बोधन करते हुए कहा कि गोरक्षा, गो संवर्धन एवं पर्यावरण संरक्षण बिना विकसित भारत कल्पना मात्र है । भारतीय संस्कृति एवं सनातन धर्म में गौमाता आस्था, धर्म एवं ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मूल धुरी है । अतः सरकार अविलंब गौमाता को राष्ट्रमाता का संवैधानिक दर्जा प्रदान कर प्रत्येक ग्राम पंचायत पर एक गौशाला का निर्माण करे, जिससे जैविक खेती को बढावा मिले । गोमय उत्पाद से रोजगार का नवसृजन हो । साथ ही हिन्दू राष्ट्र एवं सनातन धर्म बोर्ड घोषित करवाने का भी सरकार से आवाहन किया । धाम पर सभी गौसेवकों ने प्रकृति को बचाने के लिए अखण्ड संकल्प लेकर ‘पर्यावरण बचाओ सृष्टि बचाओ अभियान’ का शुभारंभ किया ।

इस अवसर पर गौमाता सेवक समिति परिवार की ओर से श्री बजरंग दरबार गौधाम में २१ मन सूखा चारा, ६०१ पुली हरा चारा, गुड के बक्से, पशु आहार के कट्टे, चार तगारी, दो फावडे, वृक्षारोपण के लिए ११ पौधे, गौमाता की छाया के लिए टिन शेड एवं २१,००० रुपए का चेक गौधाम अध्यक्ष सुरेंद्र नाथावत को प्रदान किया ।

इस अवसर पर सर्वश्री कमल प्रजापत, जगदीश मोदी, श्याम लाल, विनोद, भंवरलाल, महेंद्र, सांवरलाल, बजरंग लाल, मुकेश, मोहन प्रजापत, लक्ष्मण गहलोत, मनीष गुप्ता, महेश अग्रवाल सहित अन्य गणमान्य उपस्थित थे ।