Amazon Aryabhatta Ad : ‘अमेजान इंडिया’ के विज्ञापन में महान वैज्ञानिक आर्यभट्ट का अपमान !

आर्यभट्ट को ‘डिलिवरी बॉय’ के रूप में दिखाया !

(उक्त चित्र प्रकाशित करने का उद्देश्य किसी की धार्मिक भावनाएं आहत करना नहीं है । केवल जानकारी के लिए प्रकाशित किया गया है । – संपादक)

मुंबई – संसार को ‘शून्य’ का ज्ञान देनेवाले महान भारतीय गणितज्ञ एवं खगोलशास्त्री आर्यभट्ट का ‘अमेजान इंडिया’ प्रतिष्ठान ने अपने उत्पादों के विक्रय के लिए अपमान किया है । आर्यभट्ट को ‘डिलिवरी बॉय’ की भांति (सामग्री वितरण करनेवाले की भांति) दिखाकर उनका महत्त्व कम करना, उनके मुख से विदूषक जैसे प्रस्तुतीकरण के संवाद दिखाना एवं उनका उपयोग ‘अमेजान’ के व्यावसायिक स्वार्थ के लिए करना आदि त्रुटिपूर्ण बातें इसमें दिखाई गई हैं । इससे देशप्रेमी एवं इतिहासप्रेमी दुखी हो गए हैं । ‘इस विज्ञापन के कारण भारतीय संस्कृति एवं इतिहास का अपमान हुआ है तथा ‘अमेजान’ इस विज्ञापन को तुरन्त वापस लेकर क्षमा मांगे, इसके साथ ही केन्द्र सरकार इस पर तुरन्त कार्रवाई करे’, ऐसी मांग नागरिकों ने की है । (ऐसी मांग क्यों करनी पडती है ? सरकार स्वयं होकर कार्रवाई क्यों नहीं करती ? – सम्पादक)

१. विज्ञापन में आर्यभट्ट को आज के आधुनिक युग में लौटकर आया हुआ दिखाया गया है । कुछ बच्चे उनसे ‘कौन है तू ?’ एवं ‘चाचा, कौन सी सामग्री लाए हो ?’ ऐसा पूछकर उनका उपहास उडा रहे हैं ।

२. आर्यभट्ट मानव की दृष्टि से ‘शून्य’ का महत्त्व कैसा है, यह देखने के लिए अत्यन्त व्याकुल हुए दिखाए गए हैं; किन्तु इस महान खोज का संबन्ध अमेजान ने अपनी जीरो डिलिवरी फी’ (शून्य वितरण शुल्क), जीरो सर्च फी’ (शून्य शोध शुल्क) एवं जीरो हैंडलिंग फी’ (शून्य प्रबन्धन शुल्क) के साथ जोडा है; परन्तु वह अत्यन्त निन्दनीय है ।

संपादकीय भूमिका

  • प्रत्येक बार 'अमेजान' की ओर से जूतों, शौचालय से संबन्धित उत्पादों पर हिन्दुओं के देवी-देवताओं के चित्र प्रसारित किए जाते हैं । अब विज्ञापन के माध्यम से प्रतिष्ठान का भारत द्वेषी षडयंत्र उजागर होता है !
  • इस प्रकरण में गहन जांच करके केन्द्र सरकार को 'अमेजान' पर प्रतिबन्ध लगाना चाहिए ! भारतीयों को भी 'अमेजान' का बहिष्कार करना चाहिए !
  • महान भारतीय गणितज्ञ एवं खगोलशास्त्री आर्यभट्ट का अपमान करने के प्रकरण में 'अमेजान' को भारत से क्षमा मांगनी चाहिए !