Pakistan Alcohol Export : आर्थिक दिवालियापन की ओर बढता पाकिस्तान पुनः मद्य बेचने लगा !

५० वर्ष पूर्व इस्लाम का हवाला देकर प्रतिबंध लगाया गया था !

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इस्लामाबाद (पाकिस्तान) – आर्थिक दिवालियापन के कगार पर खडा पाकिस्तान लगभग ५० वर्षों के पश्चात पुनः मद्य के निर्यात में संलग्न हो गया है । देश की एकमात्र स्थानीय कंपनी ‘मरी ब्रिवरी’ ने अप्रैल २०२६ में ब्रिटेन, जापान, पुर्तगाल तथा थाईलैंड को बियर एवं विभिन्न प्रकार के मादक पेयों का निर्यात किया है । कंपनी के निर्यात प्रबंधक रमीज शाह के अनुसार, वर्तमान में विदेशों में व्यापारिक नेटवर्क स्थापित किया जा रहा है तथा भविष्य में उत्पादन बढाने की योजना है ।

पाकिस्तान में लगभग ५० वर्ष पूर्व इस्लामी नियमों का हवाला देते हुए मुस्लिम जनसंख्या के लिए मद्य पर प्रतिबंध लगाया गया था । हालांकि, गैर-मुस्लिमों के लिए कुछ छूट प्रदान की गई है ।

अब सरकार ने मद्य के निर्यात को अनुमति प्रदान कर दी है । इसके अंतर्गत ‘ऑर्गनाइजेशन ऑफ इस्लामिक कोऑपरेशन’ (इस्लामी देशों का संगठन) के सदस्य न होने वाले देशों को मद्य की आपूर्ति आरंभ की गई है । वर्ष २०२१ में पाकिस्तान ने बलूचिस्तान स्थित एक चीनी कंपनी को भी मद्य उत्पादन की अनुमति दी थी, जिससे वहां कार्यरत चीनी नागरिकों की आवश्यकताओं की पूर्ति हो सके ।

पाकिस्तान पर १३८ अरब डॉलर का विदेशी ऋण

पाकिस्तानी सरकार की आय एवं व्यय के मध्य भारी अंतर विद्यमान है । आर्थिक वर्ष २०२६ में सरकार की वास्तविक आय लगभग ११,०७२ अरब पाकिस्तानी रुपये (४० अरब डॉलर) आंकी गई है, जबकि व्यय १६,२८६ अरब पाकिस्तानी रुपये (५८ अरब डॉलर) तक पहुंच गया है । इसमें से लगभग ८,२०० अरब पाकिस्तानी रुपये (३० अरब डॉलर) केवल ऋण के ब्याज के भुगतान में व्यय हो रहे हैं ।

वर्तमान में पाकिस्तान पर लगभग ३८,६४० अरब पाकिस्तानी रुपये (१३८ अरब डॉलर) का विदेशी ऋण है । इसमें सरकारी ऋण के अतिरिक्त निजी क्षेत्र, बैंक एवं संस्थानों की देनदारियां भी सम्मिलित हैं । इनमें से लगभग २५,७६० अरब पाकिस्तानी रुपये (९२ अरब डॉलर) केवल सरकारी ऋण है ।