Carlos Turcios : (और इनकी सुनिये ….) ‘हनुमान जी की मूर्ति स्थापित कर भारतीय अमेरिकी भूमि पर नियंत्रण प्राप्त करने का प्रयास कर रहे हैं !’

  • अमेरिका में श्रीहनुमान जी की ९०  फुट ऊंची मूर्ति स्थापित करने पर सत्ताधारी दल के कार्यकर्ता ने विरोध जताया !

  • हिन्दुओं ने जताया विरोध

भगवान हनुमान जी की भव्य ९० फुट ऊंची मूर्ति

ऑस्टिन (अमेरिका) – अमेरिका के टेक्सास राज्य में भगवान हनुमान जी की भव्य ९० फुट ऊंची मूर्ति वर्ष २०२४ में एक मंदिर परिसर में स्थापित की गई है । इस पर डलास-फोर्ट वर्थ क्षेत्र के कार्लोस टर्सियोस नामक एक रिपब्लिकन पार्टी के कार्यकर्ता ने ‘एक्स’ पर मूर्ति का लघु चलचित्र प्रसारित कर इसका विरोध जताया है । उन्होंने कहा कि यह मूर्ति अमेरिकी भूमि पर भारतीयों द्वारा नियंत्रण प्राप्त करने का प्रयास है । इस वक्तव्य से अमेरिका के हिन्दू भडक गए हैं । भारतीयों ने स्पष्ट किया कि यह मूर्ति हिन्दुओं ने अपनी निजी भूमि पर स्थापित की है । ऐसी टिप्पणी करना अनुचित है । (केवल मौखिक खंडन न करके हिन्दुओं को टर्सियोस के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई के लिए आगे आना चाहिए ! – संपादक)

लघु चलचित्र प्रसारित करते हुए टर्सियोस ने लिखा कि तीसरी दुनिया के विदेशी लोग धीरे-धीरे टेक्सास एवं अमेरिका पर नियंत्रण प्राप्त कर रहे हैं । (भारत को ‘तीसरी दुनिया का’ अर्थात गरीब देश कहकर अपमान करने वाले अमेरिकी ! इससे उनका भारत-द्वेष झलकता है ! – संपादक) इस नियंत्रण को रोकने के लिए अमेरिका के लोगों को आगे आना चाहिए ।

इस पर एक हिन्दू ने कहा कि तुम सांस्कृतिक संघर्ष में कई वर्ष पहले पराजित हो चुके हो । अब आने वाले स्थानीय चुनावों में भी पराजय झेलनी पडेगी । तुम्हारा ‘अमेरिका फर्स्ट’ का संकल्प जातीय पूर्वाग्रह से प्रेरित है ।

संपादकीय भूमिका 

  • अमेरिका का इस्लामीकरण हो रहा है, उस विषय में ट्रंप समर्थक उसका विरोध क्यों नहीं करते ? हिन्दुओं की अति सहिष्णुता ही कारण है, कि कोई भी उठता है एवं हिन्दू देवताओं पर कीचड फेंकना प्रारंभ कर देता है !
  • ‘भारत के हिन्दू ईसाई-विरोधी हैं एवं ईसाइयों पर आक्रमण करते हैं’, ऐसा चिल्लाने वाले अमेरिकी नेता एवं प्रसार माध्यमों को अब अमेरिका के हिन्दुओं को आईना दिखाना चाहिए !