पुणे में पढ़ने वाली छात्रा शर्मिष्ठा पनोली की न्यायालय ने जमानत अस्वीकार की : १४ दिन के न्यायालयीन कारावास का आदेश

  • ‘आपरेशन सिंदूर’ के विषय में भारत की आलोचना करनेवाली पाकिस्तानी महिला को प्रत्युत्तर देते समय मुसलमानों के विषय में कथित आपत्तिजनक वक्तव्य करने का प्रकरण

शर्मिष्ठा पनोली

कोलकाता (बंगाल) – ‘ऑपरेशन सिंदूर’ से संबंधित पोस्ट को उत्तर देते हुए मुसलमानों के विरोध में कथित आपत्तिजनक टिप्पणी करने के आरोप को लेकर कोलकाता पुलिस ने शर्मिष्ठा हरियाना के गुरुग्राम से पनोली नामक छात्रा को बंदी बनाया । उसे कोलकाता के अलिपुर न्यायालय में उपस्थित किए जाने पर १४ दिनकी न्यायालयीन कोठरी का आदेश दिया गया । शर्मिष्ठा पुणे में कानून की शिक्षा ग्रहण कर रही है ।

अब हम महात्मा गांधी के भक्त नहीं हैं !

शर्मिष्ठा ने अपने इन्स्टाग्राम खाते पर एक वीडियो पोस्ट किया था । ‌इस वीडियो में उसने एक पाकिस्तानी महिला को उत्तर देते समय मोहम्मद पैगंबर पर कथित आलोचना की । पाकिस्तानी महिला काे उद्देश्य कर उसने कहा कि पहलगाम का आक्रमण तथा आपका देश जिन आतंकवादियों का समर्थन कर रहा है, क्या उनके विषय में आप ने सुना है ? क्या हमें उसका प्रत्युत्तर नहीं देना चाहिये ? अब हम महात्मा गांधी के भक्त नहीं हैं !

इस वीडियो को लेकर शर्मिष्ठा के विरोध में परिवाद किया गया था । इसके पश्चात उसने यह वीडियो खाते से हटाया था तथा क्षमायाचना भी की थी । और एक वीडियो में उसने हिन्दी चलचित्र सृष्टि के कलाकार तथा यू ट्यूब चैनल चलानेवाले रणवीर अलाहबादिया की भी तीखी आलोचना की है । दोनों ने पहलगाम के आक्रमण के पश्चात पाकिस्तान के विरोध में सौम्य भूमिका अपनाई थी । उसने ‘ढोंगीपन’ कहा था ।

पाकिस्तान से दी गईं हैं जान से मारने की धमकियां

शर्मिष्ठा द्वारा वीडियो पोस्ट केरने पर उसे पाकिस्तान से ‘सर तन से जुदा’ की (सर शरीर से अलग करने की) धमकियां दी गईं थी तथा उस पर अपराध प्रविष्ट करने की मांग की जा रही थी ।

संपादकीय भूमिका

पाकिस्तानी महिला को प्रत्युत्तर देने के कारण एक छात्रा को बंदी बनानेवाली कोलकाता पुलिस भारत की है अथवा पाकिस्तान की ? ममता बैनर्जी की सरकार पाकप्रेमी ही नहीं, अपितु पाकिस्तानी होने का यह साक्ष्य है । क्या अब केंद्र सरकार ममता बैनर्जी के शासन को भंग करेगी ?