पाक के सामने कितना भी बताने का प्रयास करें, तब भी वह चिकने घडे पर पानी डालने के समान ही है । इसलिए पाक समझ पाए, ऐसी भाषा में बताना आवश्यक है !

नई देहली – अधिवक्ता और भूतपूर्व सॉलिसिटर जनरल हरीश साळवे ने प्रतिपादित किया है कि जासूसी के कथित आरोप में पाकिस्तान के कारागृह में बंदी बनाए गए भारत के भूतपूर्व नौदल अधिकारी कुलभूषण जाधव को वापस लाने के लिए पुनः अंतरराष्ट्रीय न्यायालय में जा सकते हैं । अधिवक्ता सालवेजी ने इसी प्रकरण में अंतरराष्ट्रीय न्यायालय में भारत का पक्ष प्रस्तुत किया था । कुलभूषण जाधव को पाक की सेना के न्यायालय ने अप्रैल २०१७ में फांसी का दंड दिया था । पाकिस्तान ने उनपर जासूसी करने का आरोप लगाया है । वर्ष २०१६ से कुलभूषण जाधव पाक के कारागृह में हैं ।
एक दैनिक समाचार पत्र को दी गई भेंटवार्ता में साळवे जी बोले, गत वर्ष जुलाई महीने में अंतरराष्ट्रीय न्यायालय ने पाक को कुलभूषण जाधव को दिए गए फांसी के दंड पर पुनर्विचार करने हेतु कहा था; परंतु पाक ने उस पर अमल नहीं किया । अब हम पुनः (भारत) अंतरराष्ट्रीय न्यायालय में जाने का विचार कर रहे हैं । पाक ने अभी तक इस संबंध में कोई कदम नहीं उठाया है । पाक ने अभी तक इस संबंध में एफ.आई.आर. की प्रति सार्वजनिक नहीं की है तथा आरोपपत्रों की प्रति भी नहीं दी है बार बार बताने पर भी पाक द्वारा प्रमाण नहीं दे रहा है । कुलभूषण जाधव का प्रकरण पाकिस्तान के लिए प्रतिष्ठा का विषय बना हुआ है ।
आषाढी वारी में श्रद्धालुओं को असुविधा नहीं होगी, इसकी चिंता करें – देवेंद्र फडणवीस, मुख्यमंत्री
‘एन.सी.ई.आर.टी.’ की पाठ्यपुस्तक में मराठा साम्राज्य का इतिहास पुनः सम्मिलित करने के लिए केंद्र सरकार से विचार विमर्श निरंतर हो रहा – दादा भुसे, स्कूली शिक्षा मंत्री आवश्यक सामग्री केंद्र शासन को प्रस्तुत ।
NCERT Introduces Emergency : ‘एन.सी.ई.आर.टी.’ की कक्षा ९वीं की पुस्तक में आपातकाल (इमरजेंन्सी) की जानकारी समाहित
‘लव जिहाद’ के अंतर्राष्ट्रीय षड्यंत्र के प्रकरण में १४ लोगों के विरुद्ध आरोप पत्र प्रस्तुत !
धर्म छिपाकर विवाह करने से भले ही वह अवैध ठहरा, फिर भी पीडिता को गुजारा भत्ता (पोटगी) पाने का अधिकार ! – Madhya Pradesh High Court
देवता, भारतमाता तथा राजनीतिक बलिदानी के नाम पर शपथ नहीं ली जा सकती । – Kerala High Court