Ram Mandir Donation Theft : चंपत राय, अनिल मिश्रा एवं गोपाल राव के विरुद्ध अपराध प्रविष्ट कराने के लिए अयोध्या के अधिवक्ताओं का आंदोलन l

श्रीराम मंदिर में दान चोरी का प्रकरण l

अयोध्या (उत्तर प्रदेश) – शहर में २ जुलाई की प्रातः ५०० से अधिक अधिवक्ता सडकों पर उतर आए । अयोध्या बार एसोसिएशन के इन सदस्यों ने श्रीरामजन्मभूमि तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट के पदाधिकारी चंपत राय, अनिल मिश्रा एवं गोपाल राव के विरुद्ध श्रीराम मंदिर में दान चोरी के प्रकरण में अपराध प्रविष्ट करने की मांग करते हुए जोरदार नारेबाजी की । उन्होंने सिविल लाइन्स पुलिस चौकी जाकर इन तीनों सहित ४ व्यक्तियों के विरुद्ध परिवाद पंजीकृत किया । फैजाबाद बार एसोसिएशन के अध्यक्ष कालका प्रसाद मिश्रा के नेतृत्व में श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ अयोध्या पुलिस थाने की ओर जा रहे अधिवक्ताओं को पुलिस ने रास्ते में ही रोक दिया ।

बार एसोसिएशन के सचिव शैलेंद्र कुमार जायसवाल ने बताया कि यदि पुलिस ने अपराध प्रविष्ट नहीं किया, तो इस प्रकरण में उच्च न्यायालय और सर्वोच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया जाएगा ।

अयोध्या बार एसोसिएशन के अध्यक्ष कालिका प्रसाद मिश्रा ने कहा कि पुलिस को हमारा परिवाद प्राप्त हो गया है । उन्होंने कहा है कि वे अपराध प्रविष्ट करेंगे । हमारे परिवाद में चंपत राय, अनिल मिश्रा एवं गोपाल राव के नाम हैं ।

आरोपियों के घरों पर बुलडोजर चलाया जाएगा !

सूत्रों के अनुसार श्रीराम मंदिर में दान चोरी के आरोपियों के विरुद्ध सरकार कठोर कार्रवाई करने वाली है । प्रशासन ने आरोपियों के नए घरों पर बुलडोजर चलाने की तैयारी प्रारंभ कर दी है । जिन घरों के नक्शे स्वीकृत नहीं हैं अथवा जिन्होंने नियमों का उल्लंघन किया है, ऐसे घरों की पहचान अयोध्या विकास प्राधिकरण ने कर ली है । (क्या किसी व्यक्ति के अपराध करने के उपरांत ही प्रशासन को इसकी जानकारी मिलती है ? अन्य समय प्रशासन सोया रहता है अथवा पैसे लेकर चुप बैठता है ? – संपादक)

गोपाल राव श्रीराम की परंपरा को नहीं मानते ! – ट्रस्ट के सदस्य महंत दिनेंद्र दास का आरोप

श्रीरामजन्मभूमि तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य महंत दिनेंद्र दास ने कहा कि इस पूरे विवाद के लिए मंदिर के सहायक प्रशासक गोपाल राव ही उत्तरदायी हैं । उत्तर प्रदेश के ट्रस्टी प्रभु श्रीराम की परंपराओं का पालन करते हैं, जबकि गोपाल राव ऐसा नहीं करते । गोपाल राव बिना कारण बातों को जटिल बनाते हैं तथा इसी कारण यह विवाद बढा है । मंदिर प्रशासन में राजनीति का वातावरण निर्मित किया जा रहा है ।

गोपाल राव राम मंदिर के निर्माण प्रमुख और ट्रस्ट के आमंत्रित सदस्य थे । वे मूलतः कर्नाटक के निवासी हैं ।