अयोध्या में श्रीराम मंदिर में हुई चोरी की घटना अत्यंत गंभीर – Adv Vishnu Shankar Jain

नई दिल्ली – श्रीराममंदिर के निर्माण के उपरांत हम सभी ने वहां प्रभु श्रीराम की स्थापना की । उस समय सभी ने ‘पूरे देश में यह एक आदर्श मंदिर बने’, यह विचार किया था । अतः इस मंदिर में चोरी की घटना होना अत्यंत गंभीर है । इस घटना की गहन जांच तो होगी ही, परंतु भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों, इसके लिए वहां एक विशेष व्यवस्था बनना आवश्यक है, ऐसा विचार सर्वोच्च न्यायालय के अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन ने व्यक्त किया ।

अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन ने आगे कहा कि, मंदिर प्रबंधन के कोषाध्यक्ष ने नैतिकता के आधार पर पद से त्यागपत्र दिया है । इस प्रकरण में अपराध पंजीकृत किया गया है । विशेष अन्वेषण दल ने गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव को जांच का ब्योरा प्रस्तुत किया है । अभियोजन विभाग अब उसकी जांच करेंगे तथा उसमें जो दोषी पाए जाएंगे, उनके विरुद्ध कार्यवाही कर उन पर आरोपपत्र प्रविष्ट किया जाएगा । मान लीजिए कि उसमें किसी व्यक्ति का नाम न हो, तो उसे पूरक आरोपपत्र में जोडा जा सकेगा ।

मंदिर सरकारी नियंत्रण से मुक्त होने चाहिएं ।

अधिवक्ता जैन ने कहा कि वर्तमान समय में मंदिर सरकार के नियंत्रण से मुक्त होने चाहिए । इस पृष्ठभूमि पर यहां केंद्र सरकार, राज्य सरकार एवं समाज के विचारों का सहभाग होते हुए भी यदि ऐसे आरोप लगते हों, तो यह अत्यंत गंभीर बात है । इसीलिए इस प्रकरण की जांच अत्यंत गंभीरता से होनी चाहिए । देश की सभी सरकारों एवं समाज को भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों, इस पर विचार करना आवश्यक है ।