Surajya Abhiyan : त्योहार के काल में निजी बस सेवाओं की दरवृद्धि को नियंत्रण में रखकर यात्रियों की लूट बंद करो !

  • ‘सुराज्य अभियान’ की मांग

  • खाद्य पदार्थों में मिलावट रोकने की भी मांग

उपविभागीय अधिकारी को निवेदन देते हुए कार्यकर्ता

पुसद (जिला यवतमाळ) – नागरिकों के लिए त्योहार का समय अपने परिवारजनों से मिलने एवं अपने गांव जाने के लिए अत्यंत महत्त्वपूर्ण होता है; परंतु ठीक इसी समय में निजी बस संचालक टिकट दरों में कई गुना वृद्धि करते हैं । इससे शिक्षण अथवा नौकरी के निमित्त बाहर रहने वाले विद्यार्थी तथा नागरिकों की बड़े प्रमाण में आर्थिक लूट होती है । इस पर नियंत्रण लाने हेतु आवश्यक उपाययोजनाएं की जाएं तथा दीपावली के निमित्त खाद्य पदार्थों में होने वाली मिलावट रोकने के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाए, ऐसी मांगों का निवेदन ९ अक्तूबर इस दिन हिन्दू जनजागृति समिति के ‘सुराज्य अभियान’ की ओर से पुसद के उपविभागीय अधिकारी श्री. आशिष बिजवल को दिया गया ।

इस निवेदन में ‘सुराज्य अभियान’ की ओर से निम्नलिखित मांगें और सूचनाएं की गई हैं –

१. सभी मार्गों पर ऑनलाईन तथा प्रत्यक्ष (ऑफलाईन) उपलब्ध बस टिकट दरों के निरीक्षण हेतु एक स्वतंत्र नियंत्रण कक्ष स्थापित किया जाए ।

२. ऑनलाईन टिकट विक्रय करने वाले ‘रेड बस’, ‘मेक माय ट्रिप’ आदि को शासन द्वारा निर्धारित १.५ गुना दरमर्यादा का पालन करना अनिवार्य किया जाए ।

३. अपने मन से टिकट दरवृद्धि करने वालों के विरुद्ध आपत्ति प्रविष्ट करने हेतु नागरिकों को ‘व्हॉट्सॲप हेल्पलाइन’ तथा ‘ऑनलाईन शिकायत पोर्टल’ उपलब्ध कराया जाए और उसकी प्रसिद्धि की जाए ।

४. नियमों का उल्लंघन करने वाले संचालकों, दलालों आदि के विरुद्ध तात्काल दंडात्मक कार्रवाई की जाए ।

५. जिला परिवहन कार्यालयों द्वारा सण-त्योहार के काल की दरवृद्धि की दर प्रत्येक सप्ताह के पश्चात् प्रतिवेदन रूप में संकलित की जाए ।

६. बाजारों में पेड़े, बर्फी, कुंदा, गुलाबजामुन आदि पदार्थ विक्रय हेतु रखे जाते हैं । इनमें उपयोग में लाया जाने वाला प्रमुख कच्चा माल ‘खोवा’ होता है । बढ़ती मांग की पूर्ति हेतु खोवे में बड़े प्रमाण में मिलावट की जाती है । अन्न एवं औषध प्रशासन विभाग द्वारा मिठाइयों के नमूने लेकर उनकी जांच कर दोषियों पर उचित कार्रवाई की जाए ।

यह निवेदन देते समय हिन्दू जनजागृति समिति के ‘सुराज्य अभियान’ के श्री विनायक चिरडे, दीपक चिरडे, दीपक राजुरवार, महेश काळे, प्रदीप अडसळ, आशिष बुरडे, प्रवीण ढोरे, मकरंद पारटकर आदि उपस्थित थे ।