‘सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव’ में रामराज्य के लिए सामूहिक जपयज्ञ

फर्मागुडी (गोवा) – ‘सनातन राष्ट्र’ की स्थापना में श्रीरामनाम जप का महत्त्व अद्वितीय है । इस भारतभूमि पर पुन: एक बार धर्म, मर्यादा और सत्य का सनातन राष्ट्र, अर्थात रामराज्य स्थापित हो, इसके लिए १ करोड रामनाम का संकल्प किया गया । यह संकल्प पूर्ण होने के लिए ‘सनातन राष्ट्र शंखनाद महोत्सव’ के आरंभ में उपस्थित साधकों ने ‘श्रीराम जय राम जय जय राम’ नामजप सामूहिक रूप से और भावपूर्ण ढंग से किया । इस यज्ञ से रामराज्य का संकल्प और भी दृढ हुआ ।

नामजप करते हुवे मान्यवर एवं संत

‘‘हम सभी ने आपके चरणों में आश्रय लिया है । आपके पवित्र नामस्मरण से यह भारतभूमि धर्म, सत्य और संस्कारों से समृद्ध हो, सनातन राष्ट्र की स्थापना के लिए हम सभी को आध्यात्मिक ऊर्जा मिले और यह राष्ट्र शीघ्रातिशीघ्र ‘सनातन राष्ट्र’ बने’’, ऐसी प्रभु श्रीराम के पवित्र चरणों में भावपूर्ण प्रार्थना कर जपयज्ञ का प्रारंभ किया गया । सनातन राष्ट्र की स्थापना के लिए हजारों साधकों का एक साथ श्रीराम का नामजप करना, इस महोत्सव का एक अत्यंत महत्त्वपूर्ण हिस्सा था । ऐसा ही जपयज्ञ महोत्सव के दूसरे दिन अर्थात १८ मई को भी किया गया ।