
संभल (उत्तर प्रदेश) – यहां ४ माह पूर्व मुसलमानों द्वारा किए गए दंगों के संबंध में पुलिस ने २३ मार्च की शाम को पूर्व में हरिहर मंदिर रही जामा मस्जिद के प्रमुख जफर अली को बंदी बनाया है । आज सुबह पुलिस ने उसे बंदी बना लिया है । चार घंटे तक पूछताछ के उपरांत उसे बंदी बनाया गया है । २४ नवंबर २०२४ को यहां एक मस्जिद के सर्वेक्षण को लेकर मुसलमानों ने दंगा किया था। इसमें ५ मुसलमान मारे गये थे ।
🚨 Sambhal Violence: Jama Masjid Chief Zafar Ali Arrested!
⚖️ Charged with ‘Criminal Conspiracy’ in the November 24 riots, Zafar Ali has been sent to Moradabad jail—could face life imprisonment!
🔴 False Narrative? Ali claims innocence, saying deaths occurred due to police… pic.twitter.com/3jqporK58t
— Sanatan Prabhat (@SanatanPrabhat) March 24, 2025
१. जब पुलिस जफर अली को पूछताछ के लिए ले जा रही थी, तो उसने पत्रकारों को बताना आरंभ कर दिया कि दंगों में मारे गए सभी लोगों को पुलिस और प्रशासन ने मारा है । मुझे इसलिए बंदी बनाया गया है क्योंकि मैंने पुलिस की सच्चाई उजागर कर दी है । (इस दंगे में मरने वाले ५ मुसलमानों की हत्या पुलिस ने नहीं, अपितु मुस्लिम दंगाइयों ने की थी । इस प्रकरण में मुस्लिम दंगाइयों की आलोचना करने के बजाय पुलिस को बलि का बकरा बनानेवाले जफर अली को आजीवन कारावास का दंड मिलना चाहिए ! – संपादक)
२. पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने बताया कि २४ नवंबर २०२४ को विवादित स्थल का सर्वेक्षण कराया जा रहा है । तब लोगों ने पथराव एवं गोलियां चलाईं । इस प्रकरण में अपराध प्रविष्ट किया गया था । इसी प्रकरण में जफर अली को बंदी बनाया गया है ।