
नर्मदापुरम (मध्य प्रदेश) – ‘अंतरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद’ के अध्यक्ष डॉ. प्रवीण तोगडिया ने ऐसा वक्तव्य दिया कि भारत की सरकार हिन्दुओं के हाथ आएगी, इसकी सावधानी बरतेंगे । देश में हिन्दुओं के अतिरिक्त कोई भी प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री, मंत्री, जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक, न्यायाधीश नहीं बन पाएगा, ऐसा सुधार संविधान में करवाएंगे । यह सब संभव है ।’ ‘हिन्दू साथी’ सम्मेलन में सहयोग देने हेतु वे यहां आए थे ।
मुसलमानों की संख्या बढने नहीं देंगे !
डॉ. प्रवीण तोगडिया ने आगे कहा कि हम भारत में मुसलमानों की संख्या बढने नहीं देंगे । २ से अधिक बच्चों को जन्म देनेवाले मुसलमानों को सरकारी नौकरियां, सरकारी राशन, सरकारी विद्यालय तथा चिकित्सालयों में निःशुल्क सुविधाएं एवं बैंक द्वारा ऋण इत्यादि कुछ नहीं मिलेगा । इसके पश्चात भी यदि वे बच्चों को जन्म देंगे, तो उन्हें १० वर्षाें के लिए कारावास भेजने का कठोर कानून किया जाएगा ।
हिन्दुओं के उद्बोधन के लिए पूरे देश में १ लाख केंद्र बनाएंगे !
अंतरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद के माध्यम से करोडों हिन्दुओं के लिए समृद्धि सेवा सम्मान, सहयोग संस्कार आदि का प्रबंध भारत में २४ घंटे में करवाया जाएगा । हमारे निजी कॉल सेंटर को संपर्क करने पर सभी पीडितों की तुरंत सहायता की जाएगी । रामजन्भूमि के लिए हमने एक सफल आंदोलन किया । अब हम हिन्दुओं के उद्बोधन के लिए दूसरे चरण का काम कर रहे हैं । इस हेतु पूरे देश में १ लाख केंद्रों का निर्माण किया जा रहा है । इसमें १ लाख हिन्दू सहभागी होंगे । हनुमान चालीसा के माध्यम से इसमें सभी को समाविष्ट किया जाएगा । इन केंद्रों की सहायता से निर्धन हिन्दू परिवारों को निःशुल्क स्वास्थ्य, शिक्षा तथा कानूनी सहायता मिलेगी ।
Corporate Jihad : पीडित युवतियों को दिखाए जा रहे थे जाकिर नाइक तथा पाकिस्तानी मौलवी तारिक जमील के वीडियो !
दूध तथा दुग्धजन्य पदार्थों में मिलावट के विरुद्ध प्राथमिकता से की जाएगी कार्रवाई !
बदायूं (उत्तर प्रदेश) में मुसलमान अधिकारी द्वारा धार्मिक उत्पीडन के कारण हिन्दू पुलिस निरीक्षक ने आत्महत्या की
विसर्जित श्रीगणेशमूर्तियों के ‘पीओपी’ से बनाई जाएंगी चौकियां (बेंच), ईंटें तथा सुशोभन की वस्तुएं !
Bulandshahr Temple Namaz : बुलंदशहर (उत्तर प्रदेश) में हनुमान मंदिर में नमाज पढने वाले असर मोहम्मद को बंदी बनाया गया ।
Wipro’s Explanation: (और उनकी सुनिए…) ‘विप्रो’ में महिला कर्मचारियों के कल्याण, सम्मान एवं गरिमा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाती है ।