
अमेठी (उत्तरप्रदेश) – यहां की सरकारी चरागाह भूमि पर निर्माण किया गया अवैध मदरसा प्रशासन ने गिरा दिया । इस मदरसे का संचालन हसन नामक व्यक्ति कर रहा था । उसे यह मदरसा स्वयं से गिराने की नोटिस भेजी गई थी; लेकिन उसके द्वारा न गिराए जाने से प्रशासन ने इसे गिराया । साथ ही उसे २ लाख २४ सहस्र रुपए का दंड भी लगाया गया है । वर्ष १९९७ में इसका निर्माण किया गया था । हसन का कहना था कि, ग्रामसभा ने मदरसा निर्माण की सहमति दी थी और गांववालों द्वारा दिए गए चंदे से इसका निर्माण किया गया था । यहां १५० बच्चे पढते हैं ।
Video: Madrassa built on the pasture land in Amethi demolished by @UPGovt this morning
@myogiadityanath pic.twitter.com/NCk7OVxbGD— The New Indian (@TheNewIndian_in) September 12, 2022
संपादकीय भूमिकाअवैध निर्माण होने तक भारत का प्रशासन हमेशा ही सोया रहता है ! |
राजस्थान के कारागृह में आजीवन कारावास का दंड भुगत रहे २ बंदियों का २२ जुलाई को विवाह होगा
CM Dr. Mohan Yadav : प्रभु श्रीरामचंद्रजी ने एक विवाह किया, तो रहीम से भी वही अपेक्षा !
Dabur : ‘डाबर’ प्रतिष्ठान के पैकेटबंद मौसमी जूस में काला फफूंद मिला ।
Karnataka AI University : बेंगलुरु में देश का पहला सरकारी ‘एआई’ विश्वविद्यालय प्रारम्भ किया जाएगा ।
हिन्दु विवाह अधिनियम के अनुसार विवाह को वैध ठहराने के लिए केवल विवाह प्रमाणपत्र होना पर्याप्त नहीं है ।– Gujrat High Court
जम्मू न्यायालय ने पुलिस से अभिलेख की मांग की ।