मृतकों में हिन्दुओं की संख्या सबसे अधिक

ढाका (बांग्लादेश) – ‘ह्यूमन राइट्स कांग्रेस फॉर बांग्लादेश माइनॉरिटीज़’ द्वारा संप्रति ही में प्रकाशित प्रतिवेदन के अनुसार, ६ जून २०२५ से ५ जनवरी २०२६ की अवधि में ११६ अल्पसंख्यकों की हत्या की गई । इनमें बहुसंख्यक हिन्दू समुदाय के लोग सम्मिलित थे । इसके अतिरिक्त कुछ बौद्ध एवं ईसाई धर्म के लोगों की भी इसमें मृत्यु हुई है ।
प्रतिवेदन के अनुसार, ये हत्याएं बांग्लादेश के सभी ८ विभागों और कम से कम ४५ जिलों में हुई हैं । इन ११६ प्रकरणों में से १२ प्रकरण भीड द्वारा की गई हत्याओं के थे, जबकि शेष प्रकरण में लक्षित हत्याएं, कारावास में या संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मृत्यु, तथा मिथ्या आरोप के उपरांत-विशेष रूप से ईशनिंदा के आरोपों के उपरांत की गई हत्याएं सम्मिलित हैं ।
यूनुस सरकार की आपराधिक शिथिलता उजागर
प्रतिवेदन में यह भी उल्लेख किया गया है कि सरकार, पुलिस और प्रशासन की ओर से बडे प्रमाण में उपेक्षा की जा रही है । कई प्रकरणों में आरोप देर से प्रविष्ट किए जाते हैं या प्रविष्टि ही नहीं की जातीं । जांच केवल औपचारिक होती है, पीडित परिवारों को धमकाया जाता है एवं आरोपियों के विरुद्ध कार्रवाई लगभग नहीं होती । इससे अपराधियों का दुस्साहस बढ रहा है एवं व्यवस्था पर लोगों का विश्वास क्षीण पड रहा है ।
प्रतिवेदन में चेतावनी दी गई है कि यदि यह हिंसा नहीं रुकी, तो बांग्लादेश की स्थिति एवं सामाजिक एकता के लिए गंभीर खतरा उत्पन्न हो सकता है । इस स्थिति को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी चिंता व्यक्त की जा रही है एवं अल्पसंख्यकों की सुरक्षा के लिए दोषियों के विरुद्ध कठोरतम कार्रवाई की मांग की जा रही है ।
UK Mandir Auction : ब्रिटेन में नीलामी में मंदिर का स्थान मुसलमानों को बेचा !
Lawrence Bishnoi Extradition : अमेरिका भारत की जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के प्रत्यर्पण की मांग करेगा
कांदिवली (मुंबई) में युवक ने की अल्पायु लडकी की हत्या
PM Modi Australia Visit : ऑस्ट्रेलिया भारत को यूरेनियम की आपूर्ति करेगा !
US Iran War : अमेरिका ने ईरान के चाबहार बंदर पर किया आक्रमण
(और इनकी सुनिए…) ‘पाकिस्तान सिंधु जल संधि के विषय में प्रत्येक स्तर पर प्रयास करेगा !’ – Asim Munir