मुथ्यालम्मा मंदिर में मूर्ति को मुस्लिम व्यक्ति द्वारा तोड़े जाने का मामला

सिकंदराबाद (तेलंगाना) – में १४ अक्टूबर को मुथ्यालम्मा मंदिर की मूर्ति को सलमान सलीम नामक एक मुस्लिम युवक ने तोड़ दिया था। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया; लेकिन पुलिस इस घटना के पीछे के अन्य लोगों पर सख्त कार्यवाही नहीं कर रही है, जिसके कारण हिंदू समुदाय आंदोलन कर रहा है। शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे हिंदुओं पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया। भाजपा के प्रखर हिंदुत्ववादी विधायक टी. राजा सिंह ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे हिंदुओं पर लाठीचार्ज करने वाले पुलिसकर्मियों पर तुरंत कार्यवाही करने की मांग की है।
१. मंदिर पर हमले के विरोध में विश्व हिंदू परिषद ने तेलंगाना बंद का आह्वान किया था। विहिप के राष्ट्रीय प्रवक्ता विनोद बंसल ने कहा कि मंदिरों पर जिहादी हमले और अब हिंदुओं पर पुलिस का लाठीचार्ज चिंताजनक, निंदनीय और अमानवीयता की सभी सीमाएं पार करने वाला है। दोषियों पर सख्त कार्यवाही होनी चाहिए।
२. केंद्रीय मंत्री जी. किशन रेड्डी ने कहा कि जिसने मूर्ति को नुकसान पहुंचाया, वह व्यक्ति यहां चोरी करने नहीं आया था, बल्कि हिंदू समाज का अपमान करने के लिए आया था। भाग्यनगर में तनाव पैदा करने और दंगे कराने के लिए कुछ लोग जानबूझकर ऐसा कर रहे हैं। आज सरकार क्या कर रही है? कार्यवाही की मांग करने वाले आंदोलनकारियों को पीट रही है और दूसरी तरफ श्री मुथ्यालम्मा मंदिर में घुसकर मुख्य मूर्ति का अपमान करने वाले सलमान सलीम को कांग्रेस सरकार जेल में बिरयानी खिला रही है। तेलंगाना की कांग्रेस की रेवंत रेड्डी सरकार द्वारा लाठीचार्ज किया गया, यह कौन सा न्याय है? अब तो उसे अन्य आरोपियों को भी पकड़ना चाहिए !
संपादकीय भूमिकाकांग्रेस के शासन में हिंदुओं पर अन्याय और मुसलमानों को ‘खैरात’ दी जाती है, यह फिर से स्पष्ट हो गया ! |
जेजुरी में रसायनयुक्त भंडारे (हल्दी) के विक्रय के विरुद्ध भाजपा विधायक विक्रम पाचपुते आक्रामक !
Wipro Corporate Jihad : आरोपी शाहिना रफीक को जांच के लिए पुणे बुलाया गया ।
Muzaffarnagar Shocking Incident : चिकित्सकों ने ८ सहस्र रुपये लेकर अस्थि जोडी; परंतु शेष धनराशि न मिलने के कारण उसे पुनः तोडने का आरोप !
Islam Friendly Gym : केरल में ‘इस्लाम-फ्रेंडली’ व्यायामशाला को लेकर विवाद
पान मसाला, गुटखा एवं मिलावटी खाद्य पदार्थों का डेढ करोड रुपये से अधिक मूल्य का भंडार हस्तगत
बरकतउल्ला विश्वविद्यालय का नाम ‘वाग्देवी भोजपाल विश्वविद्यालय’ होगा!