पढाई अच्छी होने हेतु यह करें !
बालक सुसंस्कारी बनें तथा वे शिक्षा प्राप्त कर देश के आदर्श नागरिक बनें, इसलिए हम अपने बालकों को विद्यालय भेजते हैं; परंतु वर्तमान धर्मनिरपेक्ष शिक्षा व्यवस्था के वातावरण में बालकों में शीघ्रता से बढनेवाली कुप्रवृत्तियां धर्मनिरपेक्ष शिक्षा व्यवस्था की असफलता को दर्शाती हैं ।