कांग्रेस नेता मणीशंकर अय्यर द्वारा पाकिस्तान में जाकर फिर से एक बार की भाजपा सरकार की आलोचना

लाहोर (पाकिस्तान) – कांग्रेस के ज्येष्ठ नेता और भूतपूर्व केंद्रीय मंत्री मणीशंकर अय्यर ने फिर से एक बार पाकिस्तान में जाकर भारत की भाजपा सरकार के विरुद्ध विषवमन किया है । उन्होंने कहा, ‘‘यदि हम (भारत) मित्रतापूर्ण होंगे, तो उनका (पाकिस्तान का) वर्तन भी अत्यंत मित्रतापूर्ण होगा और यदि हम शत्रुत्व से व्यवहार करेंगे, तो उनका व्यवहार भी अत्यंत प्रतिकूल होगा । मेरा अनुभव बताता है कि पाकिस्तानी कदाचित दूसरे कारण से अधिक प्रतिक्रियाएं देते हैं ।’ यहां पर आयोजित फैज महोत्सव के दूसरे दिन के सत्र में वे बोल रहे थे । इस समय उन्होंने ऐसा भी कहा कि, ‘अन्य किसी भी देश की तुलना में पाकिस्तान में मेरा अधिक खुले मन से स्वागत किया गया ।’ अय्यर ने इसके पहले भी भाजपा सरकार के विरुद्ध पाकिस्तान में जाकर वक्तव्य दिए थे ।
(सौजन्य : Republic World)
१. मणीशंकर अय्यर ने आगे कहा कि पाकिस्तान को सद्भावना की आवश्यकता थी; परंतु वर्ष २०१४ में पहली बार ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्ववाली सरकार स्थापित होने पर पीछले १० वर्षाें में सद्भावना की अपेक्षा विपरीत परिस्थिति उत्पन्न हुई है ।
२. मणीशंकर अय्यर ने कहा कि जब वे कराची में भारत के उच्चायुक्त पद पर नियुक्त हुए थे, तब सभी लोग उनकी तथा उनकी पत्नी की प्रेम से देखभाल करते थे । उन्होंने अपनी पुस्तक ‘मेमोयर्स ऑफ अ मॅव्हरिक’ में ऐसी अनेक घटनाएं लिखी हैं, जिसमें उन्होंने कहा है कि पाकिस्तान भारतियों की कल्पना की अपेक्षा पूर्णतः अलग देश है ।
संपादकीय भूमिकावैचारिक सुन्नतवाले कांग्रेसी नेता मणीशंकर अय्यर भारत के नहीं, अपितु पाकिस्तान के नागरिक हैं, ऐसा ही इससे कहना होगा ! भारत को ऐसे लोगों को फिर से देश में लेने की अपेक्षा पाकिस्तान में ही रहने को बताना चाहिए ! |
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