पुरानी इमारत की तुलना में १७ सहस्र चौरस मीटर बडी

नई देहली – प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शुभहस्तों २८ मई को नए संसद भवन का उद्घाटन किया जानेवाला है । ‘सेंट्रल विस्टा प्रकल्प’ के अंतर्गत इस इमारत का निर्माण किया गया है । १० दिसंबर २०२० को नए त्रिकोणी आकार के संसद भवन की नींव रखी गई और १५ जनवरी २०२१ को भवन का निर्माणकार्य आरंभ हुआ था ।
वर्तमान संसद भवन का निर्माण ९५ वर्षों पूर्व १९२७ में हुआ था । केंद्रसरकार ने संसद में बताया कि यह इमारत बहुत अधिक उपयोग में लाई गई थी और वह खराब हो रही है । इसके साथ ही लोकसभा के नई नीतियों के उपरांत बढनेवाले सांसदों को बैठने के लिए पुरानी इमारत में पर्याप्त जगह नहीं है ।

नूतन संसद इमारत की विशेषताएं !
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वर्तमान एवं नूतन संसद भवन में महत्त्वपूर्ण भेद !
| संसद | आसनक्षमता | |
| वर्तमान इमारत | नूतन इमारत | |
| लोकसभा | ५९० | ८८८ |
| राज्यसभा | २८० | ३८४ |
| संयुक्त अधिवेशन | ४३६ सहित कुछ अतिरिक्त स्थान | १२७२ |
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