कैनडा के आंदोलन में नाझी के स्वस्तिकवाले झेंडे का उपयोग करने का परिणाम
| खालिस्तानवादियों को इस प्रकरण के कारण हिन्दूद्वेष व्यक्त करने का एक अवसर मिल गया है, यही ध्यान में आता है ! – संपादक |


ओटावा (कैनडा) – कैनडा में गत कुछ सप्ताह से कोरोना प्रतिबंधात्मक टीका बंधनकारक करने के विरोध में ट्रकचालक एवं जनता द्वारा आंदोलन किए जाने से वहां अब आपातकाल परिस्थिति घोषित कर दी गई है । इस आंदोलन के समय कुछ लोगों ने नाजी के स्वस्तिक चिन्हयुक्त झंडे का उपयोग किया, इसलिए कैनडा सरकार ने सभी स्वस्तिकों पर प्रतिबंध लगाने के लिए संसद में विधेयक प्रस्तुत किया है । यह विधेयक ‘न्यू डेमोक्रैटिक पार्टी’ के नेता जगमीत सिंह के समर्थकों ने प्रस्तुत किया है । कैनडा के हिन्दू इसका विरोध कर रहे हैं । जगमीत सिंह, खालिस्तान एवं पाकिस्तान के कट्टर समर्थक हैं । (२०.२.२०२२)
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