
हरिद्वार (उत्तराखंड) –‘‘राष्ट्र और धर्म से संबंधित प्रदर्शनी के माध्यम से जैसे धर्माचरण का महत्त्व विशद किया गया है, वैसे हम भी वैदिक धर्म, यज्ञ और गायत्री मंत्र का प्रसार करते हैं । हिन्दू संस्कृति और धमार्र्चरण की आवश्यकता आपने प्रदर्शनी के माध्यम से बहुत अच्छे से समझाई है । वर्तमान में समाज में धर्मप्रसार की बहुत आवश्यकता है ।’’, ऐसा प्रतिपादन कच्छ की देवी श्री विद्यानंद सरस्वतीजी (आदिशक्ति गुरु मां) ने किया । कुंभमेले में सनातन संस्था और हिन्दू जनजागृति समिति द्वारा लगाए गए ‘सनातन धर्मशिक्षा और हिन्दू राष्ट्र-जागृति केंद्र’ का अवलोकन करते हुए वे मार्गदर्शन कर रही थी । इस समय सनातन संस्था के राष्ट्रीय प्रवक्ता श्री. चेतन राजहंस ने उन्हें सनातन संस्था के अध्यात्मप्रसार के कार्य की जानकारी दी ।
कोंकण क्षेत्र की देवराई भूमियों को ‘सरकार जमा’ करने की कार्यवाही की जांच कीजिए – राजस्वमंत्री ने उपसचिव को दिया निर्देश
शनिशिंगणापुर स्थित श्री शनिदेव की मूर्ति के संवर्धन हेतु वज्रलेपन किया जाएगा ।
Tuljabhavani Temple : श्री तुलजाभवानी देवी की ४ सहस्र एकड भूमि के घोटाले की सघन जांच करें !
(और इनकी सुनिए…) ‘ वर्तमान काल में वैकुंठगमन इत्यादि कहना मुझे स्वीकार्य नहीं है, यह विशिष्ट वर्ग द्वारा थोपी गई बातें हैं । ’- Sharad Pawar
आलंदी (जिला पुणे) बसस्थानक में प्लैटफॉर्म के नाम के फलक गायब
छोटे बच्चों को गोमांस देने का परामर्श का प्रकरण !