भारत-बांग्लादेश सीमा पर घुसपैठियों को लौटाते समय बांग्लादेश की ओर से भीषण विरोध

गोलीबारी की धमकी, बांग्लादेशी नागरिकों ने शस्त्र लहराकर धमकाया

श्रीभूमि (आसाम) – भारत-बांग्लादेश सीमा पर बांग्लादेशी घुसपैठियों को वापस भेजते समय जून की रात्रि को बडा विवाद खडा हो गया । इस समय भारत के सीमा सुरक्षा बल एवं बांग्लादेश का ‘बॉर्डर गार्ड बांगलादेश’ (बी.जी.बी.) आमने-सामने आए । इस अवसर पर बी.जी.बी. ने भारत की ओर बंदूक तानी एवं कई बांग्लादेशी नागरिक हाथों में शस्त्र व लाठियां लेकर सीमा पर इकट्ठा हुए । सीमा सुरक्षा बल को धमकियां दी गईं । यह पूरा घटनाक्रम बिलबारी सीमावर्ती क्षेत्र में हुआ । इस क्षेत्र में अभी भी तनाव बना हुआ है ।

बिलबारी में बांग्लादेशी नागरिकों के एक समूह को सीमा के उस पार, बांग्लादेश के न्यू पल्लाथल क्षेत्र की ओर भेजा जा रहा था, तब विवाद उठ खडा हुआ । बी.जी.बी. ने इसे चुनौती मानते हुए उस समूह को बांग्लादेशी सीमा में वापस लेने से अस्वीकार कर दिया । साथ ही सीमावर्ती गाँवों के बांग्लादेशी निवासी चाकू, लाठी एवं डंडे लेकर बी.जी.बी. के समर्थन में एकत्रित हुए एवं उन्होंने भारतीय सीमा की ओर शस्त्र भी दिखाए । बी.जी.बी. के सैनिकों ने आए हुए लोगों को बार-बार पीछे हटने के लिए कहा एवं कहा कि ‘यदि स्थिति बिगडी तो गोली चलानी पडेगी’ – ऐसी धमकियां भी दी गई । कई घंटों तक चले इस विवाद के उपरांत दोनों देशों के सैनिक तैनात रहे; परन्तु किसी प्रकार की जीवन-संपत्ति की हानि या गोलीबारी होने का समाचार नहीं आया है । सीमा सुरक्षा बल के जवानों ने संयम दिखाया एवं स्थिति को नियंत्रित रखा ।

इसके उपरांत दोनों ओर से अतिरिक्त जवान भेजे गए एवं असम पुलिस तथा स्थानीय प्रशासन को सतर्क कर दिया गया है । इस घटना पर अभी तक कोई आधिकारिक वक्तव्य प्रकाशित नहीं हुआ है ।

संपादकीय भूमिका

बांग्लादेशी घुसपैठियों को वापस उनके देश भेजने पर निरंतर विरोध हो रहा है, इसलिए भारत को अब अत्यंत कठोर दृष्टिकोन अपनाने की आवश्यकता है !