Kolkata Violence : कोलकाता में सडक पर नमाज पढने को लेकर मुसलमानों का हिंसक आंदोलन : ३ पुलिसकर्मी घायल !

  • २५० मुसलमानों की भीड ने पुलिस पर पथराव किया

  • स्थिति नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज किया

कोलकाता (बंगाल) – बंगाल में भाजपा सरकार ने सडकों पर नमाज पढने पर प्रतिबंध लगाया है । इसके विरोध में यहां पार्क स्ट्रीट क्षेत्र में मुसलमानों ने आंदोलन करने का प्रयास किया । इस समय आंदोलन हिंसक हो जाने पर पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज किया ।

१७ मई को प्रशासन द्वारा क्षेत्र में अवैध निर्माणों पर बुलडोजर कार्रवाई की जा रही थी । उसी समय सडक पर नमाज पढने को लेकर विवाद आरंभ हो गया । २५० से अधिक मुसलमान प्रदर्शनकारियों ने कार्रवाई का विरोध किया एवं पुलिस पर पथराव किया । प्रदर्शनकारियों ने सडक जाम कर दी तथा विरोध प्रदर्शन में लोगों से सम्मिलित होने की अपील की । इस समय पुलिस एवं मुसलमानों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई । बिगडती स्थिति को देखते हुए पुलिस ने क्षेत्र को घेर लिया । अतिरिक्त सुरक्षा बल बुलाए गए । पुलिस ने बल प्रयोग कर स्थिति को नियंत्रित किया । इस हिंसक झडप में ३ पुलिसकर्मी घायल हो गए ।

कानून तोडनेवाले मुसलमानों का समर्थन करनेवाली माकपा !

माकपा (मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी) के नेता मोहम्मद सलीम ने कहा कि सरकार का निर्णय ऐसा नहीं होना चाहिए कि जनता को सडक पर उतरना पडे । (क्या सलीम का आशय यह है कि सडक पर नमाज पढना सरकार का निर्णय है ? – संपादक) लोगों ने चुनाव में बडे उत्साह से भाग लिया । लोग परिवर्तन की मांग कर रहे हैं । यह सब स्थिति को और बिगाडने के लिए नहीं होना चाहिए । सरकार को अब स्थिति सुधारनी चाहिए । लोगों ने शांति एवं कानून-व्यवस्था के लिए मतदान किया है । यदि इसे तोडा जाएगा, तो लोग सडक पर उतरेंगे ही । (हिन्दुओं ने कानून एवं व्यवस्था के लिए मतदान किया है तथा उसी के अनुसार बंगाल की भाजपा सरकार कार्य कर रही है । जो कोई भी इसके विरोध में सडक पर उतरेगा, उसकी उचित व्यवस्था किया जाएगा — यही इस घटना से स्पष्ट होता है ! – संपादक)

संपादकीय भूमिका

बंगाल में पुलिस को इस प्रकार के संघर्षों का अनेक स्थानों पर सामना करना पडेगा; क्योंकि वर्षों पुरानी इस आपराधिक प्रवृत्ति को समाप्त करने में कुछ समय लगना स्वाभाविक है ।