|

पुणे – यहां के पर्वती दर्शन परिसर में बिजली की जोडाई का काम करनेवाले युवक अमन मुल्ला द्वारा ‘पाकिस्तान जिंदाबाद’ के नारे लगाए जाने की गंभीर घटना सामने आई है । सामाजिक माध्यमों से बडे स्तर पर इस घटना का वीडियो प्रसारित होने के उपरांत यह बात सामने आई । इस संदर्भ में ‘सकल हिन्दू समाज’की ओर से पर्वती पुलिस थाने में वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक को ज्ञापन प्रस्तुत किया गया है ।
शिकायत में किए गए उल्लेख के अनुसार भारत में रहकर विदेशी राष्ट्र का महिमामंडन करनेवाले नारे लगाने के कारण देश की संप्रभुता को ठेस पहुंचती है, साथ ही देशभक्त नागरिकों की भावनाएं आहत होती हैं । समय रहते ही ऐसी घटनाओं पर ध्यान नहीं दिया गया, तो भविष्य में सामाजिक तनाव बढने की संभावना है; इसलिए इस घटना की तत्काल जांच कर संबंधित व्यक्ति पर कठोर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की गई है । पुलिस ने इसकी जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है ।
राष्ट्रद्रोह के प्रतीक इस वीडियो में क्या है ?
अमन मुल्ला एक घर में बिजली की जोडाई का काम करते समय ‘पाकिस्तान जिंदाबाद’ का नारा लगाता हुआ दिखाई दे रहा है । उस समय वहां उपस्थित अन्य एक व्यक्ति (कदाचित वीडियो बनानेवाला व्यक्ति) ‘पाकिस्तान मुर्दाबाद’ बोलने के लिए उस पर दबाव बनाता है । तब अमन कहता है, ‘मैं ऐसा नहीं बोलूंगा । पाकिस्तान जिंदाबाद !’ वीडियो में ऐसा अनेक बार होता हुआ दिखाई दे रहा है ।
संपादकीय भूमिकाबिजली की जोडाई का काम करनेवाला एक साधारण मुसलमान युवक शत्रुराष्ट्र की जयजयकार करता है, इससे इस देश में भारतविरोधी मानसिकता कितनी गहराई तक जा पहुंची है, यह ध्यान में आता है । मूलतः विगत ७८ वर्षाें से व्यवस्था के द्वारा ऐसी प्रवृत्तियों पर कार्रवाई न होने के कारण ही उनकी नई पीढियां भारत का अधिक तीव्रता से विरोध कर रहे हैं । इस देश के बहुसंख्यक हिन्दुओं के लिए यह लज्जाप्रद ! |
बरकतउल्ला विश्वविद्यालय का नाम ‘वाग्देवी भोजपाल विश्वविद्यालय’ होगा!
गुणवत्ता एवं अन्नसुरक्षा के विषय में ‘गोकुल’ संघ की ओर से कभी भी समझौता नहीं किया गया है ।
Hindu Kesari : प्रबल प्रताप सिंह जुदेव प्रतिष्ठित ‘हिन्दू केसरी’ पुरस्कार से सम्मानित।
Ramdas Athawale : (और इनकी सुनिए…) ‘अवैध मद्यभट्टियों को अधिकृत करने पर सरकार को राजस्व प्राप्त होगा !’
Varanasi Masjid Demolished : काशी में न्यायालय के आदेश से रेलविभाग की भूमि पर स्थित मस्जिद को ढहाया !
Paris Riot : फ्रांस सरकार को अब ‘शून्य सहनशीलता’ (Zero Tolerance) की नीति अपनानी चाहिए !