प्रधानमंत्री मोदी द्वारा दलाई लामा को जन्मदिन की शुभकामनाएं देने पर चीन तिलमिलाया !

बीजिंग (चीन) – दलाई लामा चीन विरोधी गतिविधियों में सम्मिलित हैं एवं उनका उद्देश्य तिब्बत को चीन से पृथक करना है । अतः तिब्बत से संबंधित विषयों में भारत को चीन की संवेदनशीलता का सम्मान करना चाहिए । चीन को दिए गए आश्वासनों का पालन करना चाहिए, ऐसा आवाहन चीन ने किया है । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दलाई लामा को जन्मदिन की शुभकामनाएं दिए जाने पर चीन ने यह आवाहन किया ।
I join 1.4 billion Indians in extending our warmest wishes to His Holiness the Dalai Lama on his 90th birthday. He has been an enduring symbol of love, compassion, patience and moral discipline. His message has inspired respect and admiration across all faiths. We pray for his…
— Narendra Modi (@narendramodi) July 6, 2025
हिमाचल प्रदेश स्थित धर्मशाला में दलाई लामा का ९० वां जन्मदिन मनाया गया । इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू एवं अनेक अन्य भारतीय नेता उपस्थित थे ।
🇮🇳 After PM Modi greeted Dalai Lama on his birthday, China demands India respect its “sensitivities”
👊 Our response should be clear:
“Don’t tell us what to do!”Has China ever respected India’s concerns while building projects in PoK with Pakistan? 🤬
Enough hypocrisy. Time… pic.twitter.com/STwv0HWRGm
— Sanatan Prabhat (@SanatanPrabhat) July 8, 2025
क्या है प्रकरण ?चीन ने तिब्बत पर आक्रमण कर उसे निगलने के उपरांत दलाई लामा एवं उनके अनुयायियों ने भारत में आश्रय लिया । उन्हें धर्मशाला में स्थान दिया गया । तब से चीन भारत का इस पर विरोध करता आया है । अब दलाई लामा के उत्तराधिकारी के चयन का समय आने पर चीन स्वतंत्र रूप से उत्तराधिकारी चुनने का प्रयास कर रहा है एवं दलाई लामा का विरोध कर रहा है । इस पर २ जुलाई को दलाई लामा ने कहा था, ‘तिब्बती बौद्ध गुरुओं को अपना उत्तराधिकारी चुनने का पूर्ण अधिकार है ।’ भारत के केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने दलाई लामा के इस कथन का समर्थन किया था । इस कथन पर चीन ने अप्रसन्नता व्यक्त की थी । इस पर चीन ने कहा था कि दलाई लामा का अगला उत्तराधिकारी चुनने की प्रक्रिया पुराने धार्मिक नियमों एवं चीनी कानूनों के अनुसार की जानी चाहिए, जैसे कि ‘सुवर्ण कलश’ से लॉटरी निकालने की परंपरा एवं केंद्र सरकार की मान्यता । चीन ने चेतावनी दी थी कि भविष्य में भी इन नियमों का पालन किया जाना चाहिए; क्योंकि इसे वे अपनी संप्रभुता का प्रश्न मानते हैं । |
हम धार्मिक बातों पर नहीं बोलते ! – भारत
दलाई लामा के उत्तराधिकार के विषय में भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा है कि भारत सरकार श्रद्धा एवं धार्मिक प्रथाओं से संबंधित बातों पर कोई हस्तक्षेप नहीं करती तथा कुछ भी बोलती नहीं ।
संपादकीय भूमिका
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India-Nepal Border Dispute : नेपाल के साथ सीमा विवाद में किसी तीसरे पक्ष की आवश्यकता नहीं – भारत
Delhi Hotel Fire : दिल्ली के होटल में लगी भीषण आग में २१ लोगों की मृत्यु
China Nuclear Bomb : चीन ने दुर्गम रेगिस्तान में स्थापित किए ८० से अधिक परमाणु बम प्रक्षेपण के केंद्र ।
Savarkar Sadan : डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर के लंदन स्थित घर के समान महाराष्ट्र के ‘सावरकर सदन’ को खरीद कर उसका संवर्धन किया जाए !
Jammu Kashmir Dispute : चीन तथा पाकिस्तान के जम्मू-कश्मीर संबंधी वक्तव्य को भारत ने निरस्त किया ।
भारतीयों के विरुद्ध नस्लभेदी टिप्पणी करने वाले अमेरिका का प्रतिनिधित्व नहीं करते, प्रत्येक देश में कुछ मूर्ख लोग होते हैं ! – US Secretary Marco Rubio