Air India Plane Crash : कर्णावती में एयर इंडिया का विमान दुर्घटनाग्रस्त

  • गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी सहित २०४ लोगों की मृत्यु ।

  • विमान में १६९ भारतीय, ५३ ब्रिटिश, ७ पुर्तगाली तथा १ कनाडाई नागरिक

  • दुर्घटना का कारण अभी अस्पष्ट

कर्णावती (गुजरात) – सरदार वल्लभभाई पटेल अंतर्राष्ट्रीय विमानतल से दोपहर १ बजकर ३८ मिनट पर उडान भरने वाला एयर इंडिया का ‘बोइंग ७८७ ड्रीमलाइनर’ विमान कुछ ही मिनटों में ६३५ फीट की ऊंचाई से विमानतल की बाड के पार स्थित एक इमारत पर गिर गया । गिरने के तुरंत बाद विमान में भीषण अग्निकांड हुआ, जिससे पूरा विमान जलकर भस्म हो गया । जिस इमारत पर यह विमान गिरा,उस इमारत को भी भारी क्षति पहुंची है तथा विमान का कुछ भाग उसी में फंस गया है ।

इस विमान में कुल २३० यात्री, २ वैमानिक एवं १० कर्मचारी सवार थे । यात्रियों में १६९ भारतीय, ५३ ब्रिटिश, ७ पुर्तगाली एवं १ कनाडाई नागरिक सम्मिलित थे । इनमें गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री तथा भारतीय जनता पार्टी के नेता श्री विजय रूपाणी भी यात्रा कर रहे थे ।

इस दुर्घटना का कारण अभी तक स्पष्ट नहीं हुआ है । दुर्घटना से पूर्व वैमानिक ने सहायता हेतु संदेश भेजा था, परन्तु सहायता मिलने से पूर्व ही विमान गिर गया ।

सरकार की ओर से अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि कुल कितने लोग मृत पाए गए तथा कितने जीवित मिले हैं । विमान कर्णावती से लंदन जाने वाला था ।

विमान जिस इमारत पर गिरा, वह चिकित्सकों के निवास का भोजनालय था । वहां पर कितने लोग घायल हुए हैं, इसकी सूचना भी अभी नहीं दी गई है ।

अब तक प्राप्त सूचनाओं के अनुसार, २०४  की मृत्यु हुई है । घायलों को चिकित्सालय पहुंचाने हेतु ‘हरित मार्ग’ (आपातकालीन रास्ता) बनाया गया है ।

दुर्घटना के तुरंत बाद राज्य आपदा प्रतिक्रिया दल एवं अग्निशमन विभाग ने राहत कार्य आरम्भ किया । यह आशंका व्यक्त की जा रही है कि दुर्घटना का कारण तकनीकी गडबडी हो सकती है, परंतु इसका पुष्ट कारण ज्ञात नहीं हुआ है ।

गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा नेता विजय रूपाणी

अंतिम क्षणों में वैमानिक ने किया था संपर्क-

इस विमान के वैमानिक सुमित सभरवाल ने अंतिम क्षणों में ‘मेडे’ संपर्क किया था । यह एक अंतर्राष्ट्रीय आपातकालीन संकेत है, जिसे वैमानिक संकट की स्थिति में नियंत्रण कक्ष को भेजते हैं । ‘मेडे’ शब्द फ्रेंच भाषा का है, जिसका अर्थ होता है – “मुझे सहायता चाहिए” । वैमानिक सभरवाल ने यह संकेत तीन बार दिया ।

वैमानिक को था ८ सहस्र २०० घंटे का उडान अनुभव

मुख्य वैमानिक सुमित सभरवाल थे, जबकि सह वैमानिक फ्लाईव्ह कुंदर थे । सुमित सभरवाल को ८ सहस्र २०० घंटे का उडान अनुभव था, जबकि कुंदर को १ सहस्र १०० घंटे का अनुभव था । दुर्घटनाग्रस्त विमान ११ वर्षों पुराना था ।

एयर इंडिया द्वारा हेल्पलाइन क्रमांक प्रसारित

विमान दुर्घटना के पश्चात एयर इंडिया ने १८००–५६९१–४४४ हेल्पलाइन क्रमांक जारी किया है । इस पर संपर्क कर यात्रीजनों के परिजन सूचना प्राप्त कर सकते हैं ।

विमानतल का कार्य बंद

सरदार वल्लभभाई पटेल अन्तर्राष्ट्रीय विमानतल के प्रवक्ता ने बताया कि इस विमान दुर्घटना के कारण विमानतल का कार्य अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है ।

विमान में था कितना ईंधन ?

कर्णावती से लंदन की उडान हेतु ७८ सहस्र लीटर ईंधन भरा गया था । इसी मात्रा में ईंधन इस विमान में भी था । अतः जब विमान इमारत पर गिरा, तब ईंधन टंकी विस्फोटित हो गई, जिससे आग लग गई । अग्निकांड इतना भीषण था कि विमान, इमारत तथा उसके आसपास का क्षेत्र पूरी तरह आग की चपेट में आ गया । इस कारण विमान में सवार किसी भी यात्री या कर्मचारी के जीवित रहने की संभावना नहीं है, ऐसा बताया जा रहा है ।

ज्योतिषशास्त्र के अनुसार विमान दुर्घटना की भविष्यवाणी सत्य सिद्ध हुई !

प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य श्री. सिद्धेश्वर मारटकर

प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य श्री. सिद्धेश्वर मारटकर ने पिछले वर्ष की अपनी भविष्यवाणी में कहा था कि जून महीने में बड़ी विमान दुर्घटना संभव है । उनका कहना था कि इसके पीछे शनि एवं मंगल ग्रहों का षडाष्टक योग कारणीभूत है ।

यह दुःख शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता – प्रधानमंत्री मोदी

कर्णावती की इस दुर्घटना से मुझे गहरा आघात पहुंचा है एवं अत्यंत दुःख हुआ है । यह दुःख शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता । इस दुःखद घडी में मैं पीडितों के साथ हूं । प्रभावितों को सहायता प्रदान करने हेतु मंत्रीगण तथा अधिकारीगण से निरंतर संपर्क में हूं – ऐसा प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने ‘एक्स’ (पूर्व ट्विटर) पर अपनी पोस्ट में कहा है ।

प्रधानमंत्री मोदी दिल्ली से कर्णावती के लिए रवाना हो रहे हैं । केंद्रीय गृहमंत्री श्री अमित शाह सायंकाल कर्णावती पहुंच चुके हैं । उन्होंने उससे पूर्व राज्य के मुख्यमंत्री एवं गृहमंत्री से चर्चा की ।

विमान दुर्घटना हृदयविदारक – राहुल गांधी

कर्णावती की एयर इंडिया विमान दुर्घटना अत्यंत हृदयविदारक है । यात्रियों एवं कर्मचारियों के परिवारों की पीडा एवं चिंता की कल्पना करना भी कठिन है । प्रशासन द्वारा शीघ्र सहायता प्रदान किया जाना अति आवश्यक है । प्रत्येक जीवन मूल्यवान है एवं प्रत्येक क्षण महत्त्वपूर्ण है । काँग्रेस कार्यकर्ताओं से आग्रह है कि वे घटनास्थल पर यथासंभव सहायता करें – ऐसा काँग्रेस के सांसद एवं विपक्ष के नेता श्री राहुल गांधी ने कहा ।

पुतिन ने व्यक्त किया दुःख

रूस के राष्ट्रपति श्री व्लादिमीर पुतिन ने इस दुर्घटना पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी को संदेश भेजकर गहरा दुःख प्रकट किया है । उन्होंने कहा कि रूस इस शोक की घडी में भारत के साथ है ।