असम के मंदिरों में डाका डालनेवाले धर्मांधों के गिरोह सक्रिय
धर्मांधों का लुटारू गिरोह धनवान इस्लामी संगठनों के कार्यालय अथवा मस्जिदों में डाका नहीं डालते, अपितु मंदिर में डाका डालते हैं । इससे उनकी धर्मांध मानसिकता ध्यान में आती है !
करीमगंज (असम): सशस्त्र धर्मांधों ने बांग्लादेश सीमा से सटे करीमगंज जनपद में स्थित बलिया के ३०० वर्ष पुराने प्रसिद्ध श्री नृसिंह मंदिर में डाका डालकर वहां स्थित सोने के आभूषण, नगद राशि और अन्य मौल्यवान वस्तुएं लूटीं । इस समय मंदिर के पुजारी के परिवार के सदस्यों को बांधकर उनके साथ मारपीट की गई । इस प्रकरण में नीलमबजार पुलिस दल ने १२ धर्मांधों को गिरफ्तार किया है । इस गिरोह द्वारा डाका डालने के लिए उपयोग किया हुआ वाहन जब्त कर उसके चालक को गिरफ्तार किया ।
१. करीमगंज जिला पुलिस अधीक्षक ने बताया कि जांच दलने मंदिर के पुजारी को किए गए चलितभाष के कॉल के आधारपर धर्मांध लुटेरों की खोज की गई । पुलिस ने उनसे चोरी किए गए आभूषण और ३ सहस्र रुपए जब्त किए ।
२. असम के अनेक जिहादी गिरोह असम में स्थित ब्रह्मपुत्र, बराक घाटी और कचार परिसर में मंदिरों को लुटने के लिए सक्रिय हैं । ये गिरोह गोतस्करी में भी सक्रिय हैं । उनमें से अधिकांश लोग बांग्लादेशी घुसपैठी हैं ।
आषाढी वारी में श्रद्धालुओं को असुविधा नहीं होगी, इसकी चिंता करें – देवेंद्र फडणवीस, मुख्यमंत्री
‘एन.सी.ई.आर.टी.’ की पाठ्यपुस्तक में मराठा साम्राज्य का इतिहास पुनः सम्मिलित करने के लिए केंद्र सरकार से विचार विमर्श निरंतर हो रहा – दादा भुसे, स्कूली शिक्षा मंत्री आवश्यक सामग्री केंद्र शासन को प्रस्तुत ।
बांग्लादेश में गत ५ महीनों में हिन्दुओं के विरुद्ध ६४५ आपराधिक घटनाएं प्रविष्ट हुईं !
NCERT Introduces Emergency : ‘एन.सी.ई.आर.टी.’ की कक्षा ९वीं की पुस्तक में आपातकाल (इमरजेंन्सी) की जानकारी समाहित
‘लव जिहाद’ के अंतर्राष्ट्रीय षड्यंत्र के प्रकरण में १४ लोगों के विरुद्ध आरोप पत्र प्रस्तुत !
धर्म छिपाकर विवाह करने से भले ही वह अवैध ठहरा, फिर भी पीडिता को गुजारा भत्ता (पोटगी) पाने का अधिकार ! – Madhya Pradesh High Court