महाशिवरात्रि के दिन ताजमहल में हिंदू महासभा द्वारा शिवपूजन !

२ कार्यकर्ता एवं १ महिला पदाधिकारी बंदी बनाए गए गए !

इस बात के कई प्रमाण हैं कि ताजमहल एक हिंदू वास्तु है तथा वहां एक शिवालय था । इस भाव के कारण हिंदू वहां जाकर पूजा करते हैं । इस इमारत की पुनः प्राप्ति के लिए बारंबार अनुरोध करने के उपरांत भी वह न मिलने कारण हिंदुओं की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं । हिन्दुओं को यह अपेक्षित नहीं है कि, केंद्र एवं राज्य में भाजपा की सरकार होते हुए हिंदुओं की धार्मिक भावनाओं को ध्यान में रखे बिना इस प्रकार बंदी बनाए जाएं !

आगरा (उत्तर प्रदेश) – हिंदुओं की श्रद्धा है कि ताजमहल एक प्राचीन शिव मंदिर है । प्रख्यात इतिहास शोधकर्ता पी.एन. ओक ने प्रमाण के साथ एक पुस्तक भी लिखी है कि, यह ‘तेजोमहालय’ नामक एक शिव मंदिर है ।

१. सेंट्रल टैंक के डायना बेंच पर, हिंदू महासभा की प्रदेश अध्यक्षा, मीना दिवाकर ताजमहल गई तथा वहां विधिपूर्वक आरती करने लगी । उसी समय, उन्हें केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल के सैनिकों द्वारा बंदी बनाया गया । वहां मीना दिवाकर के साथ २ कार्यकर्ता उपस्थित थे । उन्हें दिल्ली पुलिस को सौंप दिया गया । तीनों से दिल्ली पुलिस पूछताछ कर रही है । इस घटना की सूचना मिलते ही, हिंदू महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता संजय जाट एवं जिला अध्यक्ष रौनक ठाकुर, कुछ कार्यकर्ताओं के साथ दिल्ली के ताजगंज पुलिस थाने गए ।

२. शाहजहां का ३ दिवसीय उर्स ताजमहल पर चल रहा है । नियमों के अनुसार, ताजमहल में पारंपरिक नमाज पठण किया जा रहा है । ताजमहल पर उर्स के अलावा कोई भी धार्मिक विधी करने पर प्रतिबंध है । (यदि हिंदुओं को शिव की पूजा करने की अनुमति नहीं है, तो मुसलमानों को इस प्रकार का उर्स करने की अनुमति क्यों दी गई है ? हिंदुओं को लगता है कि केंद्र में भाजपा की सरकार होते हुए ऐसी अनुमति नहीं दी जानी चाहिए ! – संपादक)