कश्मीरी हिन्दू अजय पंडिता की हत्या का प्रकरण
फिल्म क्षेत्र के कितने हिन्दू अभिनेता और अभिनेत्री इस प्रकार खुलेपन से हिन्दुओं के पक्ष में बोलते हैं ?

मुंबई – ‘मैं भारतीय हूं’, ‘मुझे लज्जा प्रतीत होती है’, इस प्रकार के शब्द प्रयोग कर अनेक बुद्धिजीवी और प्रसिद्ध व्यक्ति हाथ में पेट्रोल बम, पत्थर अथवा मोमबत्तियां लेकर सडकपर फेरियां निकालते हुए देखने को मिले होंगे । इसके द्वारा ये लोग किसी एक सूत्र को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ले जाने का प्रयास करते हैं । किसी घटना के पीछे जिहादी विचारधारा होती है, तभी उनकी मानवता बाहर निकलकर आती है । ये लोग हिन्दुओं को धर्मनिरपेक्षता सिखाते हैं; परंतु जब कश्मीर में अजय पंडिता की हत्या होती है, साथ ही जब कश्मीरी हिन्दुओं पर प्रतिदिन अत्याचार होते हैं, तब ये लोग कुछ नहीं बोलते । इन शब्दों में प्रसिद्ध अभिनेत्री कंगना रनौत ने तथाकथित धर्मनिरपेक्षतावादियों की आलोचना की ।
कंगना रनौत ने इस संदर्भ में ट्वीटरपर अपना एक वीडियो प्रसारित किया है । उसमें उन्होंने उक्त वक्तव्य दिया है । उन्होंने आगे कहा, ‘‘इस जिहादी विचारों के लोगोंपर जब हिन्दुओं के साथ न्याय करने की स्थिति आती है, तब उनके मुंह से शब्द बाहर नहीं निकलते । जिस प्रकार सियार बकरी का रूप लेकर छिप जाता है, उस प्रकार ये लोग धर्मनिरपेक्षता के बुर्के की आड में छिप जाते हैं । मैं प्रधानमंत्री मोदी से कश्मीरी हिन्दुओं के साथ न्याय कर उन्हें उनके मूल घर अर्थात कश्मीर में सुरक्षितरूप से भेजने का अनुरोध करती हूं ।’’
#KanganaRanaut calls out selective secularism of Bollywood and so-called liberals and urges @narendramodi @PMOIndia to take strict action against atrocities done on #KashmiriPandits and their safe return to their homeland. #AjayPandita #JusticeForAjayPandita pic.twitter.com/gy6PxxkzEh
— Team Kangana Ranaut (@KanganaTeam) June 10, 2020
तुर्भे रेलस्थानक के पास के पदपथों के नवीनीकरण का काम आरम्भ हुआ ।
२ राज्यों से गोहत्याएं एवं लव जिहाद की ३ घटनाएं सामने आईं ।
Ram Mandir Donation Theft : श्रीराम मंदिर में दान की चोरी के उपरांत अब मंदिर के सरकारीकरण की संभावना
भारत-बांग्लादेश सीमा पर घुसपैठियों को लौटाते समय बांग्लादेश की ओर से भीषण विरोध
इस्लाम स्वीकार करने पर स्वयं ही ‘पिछडा वर्ग मुसलमान’ का दर्जा नहीं मिल सकता ! – Madras High Court
तुम्हारे पास वर्दी है, इसलिए क्या आप कुछ भी कर सकते हैं ? – Karnataka High Court