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(घर वापसी अर्थात हिंदू धर्म में पुन: प्रवेश)

कांकेर (छत्तीसगढ) – यहां कांकेर जिले में १८ जनवरी को पीढापाल क्षेत्र में विभिन्न गांवों से आए ५० ईसाई परिवारों के २०० से अधिक लोगों ने ईसाई धर्म त्याग कर अपने मूल हिंदू धर्म में पुनः प्रवेश किया । यह कार्यक्रम समाज की सहमति से एवं पारंपरिक विधियों के आधार पर संपन्न हुआ । घर वापसी करने वाले लोगों ने बताया कि, बीमारी ठीक हो जाना तथा अन्य लालच दिखाकर पूर्व में उनका धर्मांतरण किया गया था। आत्मचिंतन के उपरांत उन्होंने पुन: से अपने मूल हिंदू धर्म को अपनाया ।
१. पीढापाल, धनतुलसी, मोदे, साल्हेभाट, किरगापाटी एवं तरांदुल इन ६ गांवों के ५० परिवारों ने घर वापसी का निर्णय लिया । यह निर्णय किसी दबाव में नहीं लिया गया अपितु लंबे समय से चले आ रहे संवाद एवं बैठकों के उपरांत लिया गया है, ऐसा घर वापसी करने वाले लोगों ने बताया ।
२. घर वापसी का कार्यक्रम पीढापाल गांव के मंदिर परिसर में आयोजित किया गया था । पूजा विधि एवं पारंपरिक संस्कारों द्वारा लोगों को विधिपूर्वक सनातन धर्म में लिया गया । इस समय लोकप्रतिनिधी, समाज के वरिष्ठ नागरिक एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों के सदस्य उपस्थित थे ।
३. आदिवासी समाज के सदस्य ईश्वर कांवडे ने बताया कि, लोगों ने स्वेच्छा से मूल धर्म में पुनः आगमन किया है । क्षेत्र में शेष धर्मांतरित परिवारों के सदस्य भी शीघ्र घर वापसी करेंगे ।
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