Unauthorized Mosque Chennai : तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में सरकारी चिकित्सालय की भूमि पर अनाधिकृत दो मंजिला मस्जिद का निर्माण !

‘भारत हिन्दू मुन्नानी’ (भारत हिन्दू आघाडी (फ्रंट) ने परिवाद कर मस्जिद तोडने की मांग की !

चिकित्सालय की भूमि पर बनाई गई अनाधिकृत दो मंजिला मस्जिद

चेन्नई (तमिलनाडु) – यहां के स्टैलिन सरकारी चिकित्सालय की भूमि पर कोई पूर्वानुमति लिए बिना दो मंजिला मस्जिद का निर्माण किया गया है । इसलिए इसे तोड दिया जाना चाहिए, ऐसी मांग हिन्दुत्वनिष्ठ संगठन भारत हिन्दू मुन्नानी (भारत हिन्दू आघाडी (फ्रंट)) ने कुछ दिन पूर्व ही जिलाधिकारी से की । शहर के रॉयपुरम भाग में यह चिकित्सालय (अस्पताल) स्थित है एवं यहां की मस्जिद तथा दरगाह (मुसलमान की कब्र) में मुसलमान प्रतिदिन नमाज पढने के लिए आते हैं, यह जानकारी यहां के तमिल दैनिक ‘दिनामलार’ ने दी है ।

स्थानीय हिन्दुत्वनिष्ठों ने इस प्रकरण में ‘सनातन प्रभात’ को बताया कि, मस्जिद प्रबंधन ने मस्जिद के नवीनीकरण के लिए अस्पताल प्रबंधन से अनुमति मांगी थी । स्थानीय हिन्दुओं का आरोप है कि अनुमति मिलते ही अतिरिक्त मंजिलें बना ली गईं । (सरकारी अस्पताल की भूमि पर अनाधिकृत रूप से मस्जिद बनाए जाने के उपरांत भी अस्पताल प्रशासन उसके नवीनीकरण की अनुमति देता है, इसे क्या कहा जाए ? इसके पीछे या तो राजनीतिक षड्यंत्र है या फिर अस्पताल प्रशासन ने मुसलमानों की दबंगई के सामने घुटने टेक दिए हैं, यही सच है ! – संपादक) हिन्दुओं द्वारा परिवाद किए जाने के उपरांत सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिकारियों ने मस्जिद का चालू निर्माण कार्य रोकने का आदेश दिया ।

जिलाधिकारी को मांगों का ज्ञापन देने जाते हुए ‘भारत हिन्दू मुन्नानी’ के हिन्दुत्वनिष्ठ

‘भारत हिन्दू मुन्नानी’ द्वारा उठाए गए महत्त्वपूर्ण सूत्र !

इस प्रकरण में ‘भारत हिन्दू मुन्नानी’ के राज्य सचिव के. दिल्लीबाबू ने चेन्नई के जिलाधिकारी से परिवाद किया । उन्होंने कहा कि :

१. अस्पताल की लगभग ३ सहस्र (हजार) वर्गफुट भूमि पर मस्जिद का निर्माण हुआ है । वास्तव में इस भूमि का उपयोग अस्पताल के ऑक्सीजन सिलेंडर रखने के लिए किया जाता था ।

२. प्रतिदिन इस मस्जिद में कम से कम १०० लोग आते-जाते हैं एवं ध्वनिक्षेपक से नमाज पढते हैं ।

३. मस्जिद में आने वाले लोग अपने दुपहिया वाहन अस्पताल परिसर में ही लगाते हैं । इससे यहां के रोगियों, उनके सगे-संबंधियों, साथ ही अस्पताल कर्मचारियों के लिए बाधा उत्पन्न होती है । उन्हें टोकने पर वे डॉक्टर तथा सामान्य जनता पर आक्रमण करते हैं ।

४. इस संदर्भ में पहले किए गए परिवाद के उपरांत निर्माण कार्य अस्थायी रूप से रोक दिया गया था । अब फिर से अनाधिकृत रूप से बिना किसी अनुमति के निर्माण किया जा रहा है ।

५. दूसरी मंजिल का निर्माण लगभग पूरा होने वाला है । उससे पहले ही मस्जिद की संपूर्ण भवन को हटाकर यह पूरा स्थान अस्पताल के लिए ही उपयोग में लाया जाना चाहिए ।

संपादकीय भूमिका 

  • तमिलनाडु, साथ ही चेन्नई में द्रमुक (DMK) जैसी मुसलमान-समर्थक पार्टी की सरकार होने के कारण यदि ऐसी घटनाएं हो रही हैं, तो इसमें आश्चर्य ही क्या है !
  • हिन्दुओं पर हो रहे अन्याय का गढ बन चुके तमिलनाडु जैसे राज्य में हिन्दुत्वनिष्ठ संगठनों द्वारा छेडे गए संघर्ष की जितनी प्रशंसा की जाए उतनी अल्प (कम) है ! भारतभर के हिन्दुओं को ऐसे संगठनों के साथ खडा होना समय की आवश्यकता है !