प्रशासन द्वारा दिए गए फोन क्रमांक पर संपर्क करने के उपरांत भी कोई प्रतिसाद नहीं मिलने का विपरीत प्रभाव !
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लक्ष्मणपुरी (लखनऊ, उत्तर प्रदेश) – यहां के एक सेवानिवृत्त न्यायाधीश ने अपनी कोरोना पीडित पत्नी के उपचार के लिए प्रशासन से संपर्क किया था । प्रशासन द्वारा दिए गए दूरध्वनी क्रमांक पर संपर्क करने उपरांत भी उपचार न मिलने के कारण उसकी मृत्यु होने की घटना सामने आई है । इस विषय में स्वयं सेवानिवृत्त न्यायाधीश द्वारा लिखा गया एक पत्र सामाजिक माध्यमों में प्रसारित हो रहा है ।
"She died due to negligence of Govt, no one was there to tend to the body:" Former District Judge pens open letter after wife dies of Covid-19
reports @Areebuddin14 https://t.co/5bWwjzCa9o
— Bar & Bench (@barandbench) April 15, 2021
शहर के गोमती नगर के ६७ वर्षीय सेवानिवृत्त जनपद न्यायाधीश रमेश चंद्र ने पत्रमें लिखा है, ‘मैं १४ अप्रैल को प्रातः ७ बजे से प्रशासन द्वारा उपलब्ध कराए गए फोन क्रमांक पर संपर्क कर रहा था ; परंतु न कोई औषधियां देने के लिए घर आया न ही चिकित्सालय में भर्ती कराने की प्रक्रिया की गई । इसी कारण मेरी पत्नी, मधु चंद्रा, की मृत्यु हो गई । वर्तमान में, उसका मृतदेह ले जाने वाला कोई नहीं है । कृपया मेरी सहायता कीजिए ।’
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