बांध टूटा, तो चीन का हो सकता है विनाश
दूसरों का विनाश करने की महत्त्वाकांक्षा रखनेवाले चीन को यदि प्रकृति ही इस प्रकार से पाठ पढानेवाली हो, तो क्या कभी विश्व को चीन के प्रति सहानुभूति प्रतीत होगी ?

बीजिंग (चीन) – आजकल चीन के अनेक राज्यों में अतिवृष्टि के कारण बाढ आई हुई है । उसी में विश्व का सबसे बडा बांध ‘थ्री जॉर्ज’ भी मुसलाधार वर्षा के कारण भर चुका है । इस बांध से पानी छोडे जाने से अनेक राज्यों में बाढ आ गई है । इसमें जहां कोरोना की उत्पत्ति हुई है, उस वुहान शहर में भी बाढ आ गई है । वहां की प्रयोगशाला और मांस की मंडी पानी के नीचे डूब गई हैं ।
१. कुछ दिन पूर्व बाढ के कारण थ्री जॉर्ज बांध के टूटने के कगार पर होने का समाचार सामने आया था; परंतु चीन ने उसे अफवाह कही थी । अब चीन के ही कुछ पर्यावरणवादी इस बांध के संदर्भ में चिंता व्यक्त कर रहे हैं । इस बांध का निर्माण किए जाने के उपरांत पहली बार ही इस बांध का जलसंग्रह सर्वाधिक स्तर तक पहुंचा है । इस बांध में यदि छोटी सी भी दरार आती है, तो चीन के अनेक नगर एक ही समय पानी में डूब जाएंगे ।
२. वुहान से यह बांध ३०० कि.मी. की दूरी पर है; परंतु तब भी इस बांध के कुछ दरवाजे खोलने के कारण वुहान में बाढ आ गई है । ऐसा कहा जा रहा है कि यह बांध चीन में विनाश ला सकता है ।
३. यह बांध २ सहस्र ३०९ मीटर लंबा है; इसलिए कुछ दिन और यदि वर्षा होती रही, तो यह बांध कितने समय तक पानी का दबाव झेल सकता है; इसके प्रति स्थानीय लोगों ने संदेह व्यक्त किया है । उसमें भी पिछले सप्ताह में इस बांध के कुछ दरवाजे खोले गए; परंतु उसमें पानी का जितना विसर्ग हो रहा है, उतना पानी निरंतर हो रही वर्षा के कारण कुछ घंटों में ही जमा हो जा रहा है ।
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