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धर्मांधों के विरुद्ध राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के अंतर्गत कार्यवाई
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थाना अधिकारी निलंबित
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हिन्दुओंपर आक्रमण की २४ घंटे में दूसरी घटना
हिन्दुबहुसंख्यक भारत में हिन्दुओं की इस दुःस्थिति को बदलने हेतु हिन्दू राष्ट्र स्थापना ही एकमात्र उपाय है !
धर्मांधों का हिन्दुओं की ओर आंख उठाकर देखने का साहस ही न हो, ऐसी धाक पुलिस बल और सरकार को बनानी चाहिए !

आजमगढ (उत्तर प्रदेश) – सिकंदरपुर के आइमा गांव में १० जून को धर्मांधों की भीड ने हिन्दुओं की बस्तीपर धारदार शस्त्रों से आक्रमण किया । यहां के धर्मांध पास के बोरवेलपर पानी लाने जानेवाली एक हिन्दू लडकी को सदैव छेडते थे । उसपर विवाद होनेपर धर्मांधों ने यह आक्रमण किया । इसमें १२ लोग घायल हुए । पुलिस प्रशासन ने इस प्रकरण में परवेज, फैजान, नूरआलम, सदरे आलम सहित १२ लोगों को गिरफ्तार किया । पुलिस प्रशासन ने लापता अन्य ७ लोगों की जानकारी देनेपर २५ सहस्र रुपए का पुरस्कार देने की घोषणा की है ।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस प्रकरण का गंभीरता से संज्ञान लेते हुए धर्मांधों के विरुद्ध राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (रा.सु.का.) के अंतर्गत कार्यवाई करने का आदेश दिया है, साथ ही इसके लिए महाराजगंज के थाना अधिकारी को निलंबित किया गया है । इसके अतिरिक्त मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस प्रकरण में कठोर कार्यवाई न करनेवाले पुलिस अधीक्षक प्रा. त्रिवेणी सिंह को फटकार लगाई है ।
इस घटना के १ दिन पहले ही जौनपुर (उत्तर प्रदेश) में सामान्य कारण से धर्मांधों ने हिन्दुओं के घर में घुसकर उनके साथ मारपीट करने की, साथ ही उनके घरों को जला देने की घटना हुई थी । उत्तर प्रदेश में धर्मांधों द्वारा हिन्दुओंपर आक्रमण करने की २४ घंटे में हुई दूसरी घटना है ।
ऐसी घटनाएं हुईं, तो थाना अधिकारीपर ही कार्यवाई करेंगे ! – मुख्यमंत्री
राज्य में हिन्दुओंपर हो रही आक्रमण की बढती घटनाओं को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यह चेतावनी दी है कि यदि ऐसी घटना होती है, तो वहां के थाना अधिकारी को इसके लिए उत्तरदायी प्रमाणित कर उसके विरुद्ध कार्यवाई की जाएगी, साथ ही पुलिस अधीक्षक को भी इसपर उत्तर देना पडेगा ।
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