सीमा पर बाड लगाने के लिए सीमा सुरक्षा बल को भूमि दी जाएगी – Bengal CM Suvendu Adhikari

  • बंगाल के नए मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की मंत्रिमंडल की पहली बैठक में ५ बडे निर्णय

  • ‘आयुष्मान भारत योजना’ लागू होगी

  • भाजपा के ३२१ मृत कार्यकर्ताओं के परिवारों का पूरा दायित्व सरकार लेगी

  • ‘भारतीय न्याय संहिता’ लागू होगी

मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी

कोलकाता (बंगाल) – बंगाल के नए मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने ११ मई को मंत्रिमंडल की पहली बैठक की । इसमें ५ बडे निर्णय लिए गए । इनमें पूरे राज्य में ‘आयुष्मान भारत योजना’ (निधन एवं निर्बल परिवारों को प्रतिवर्ष ५ लाख रुपये तक का निःशुल्क उपचार) लागू की जाएगी । नियमों के अनुसार आई.पी.एस. (इंडियन पुलिस सर्विस – भारतीय पुलिस सेवा) और आई.ए.एस. (इंडियन एडमिनिस्ट्रेटिव सर्विस – भारतीय प्रशासनिक सेवा) अधिकारियों को केंद्रीय प्रशिक्षण में भाग लेने की अनुमति दी जाएगी । राज्य में ‘भारतीय न्याय संहिता’ लागू होगी । सीमा सुरक्षा बल को सीमावर्ती क्षेत्रों की भूमि हस्तांतरित की जाएगी । यह भूमि ४५ दिनों के भीतर दी जाएगी । इसके माध्यम से सीमा पर बाड लगाने का कार्य किया जाएगा । बंगाल में जिन ३२१ भाजपा कार्यकर्ताओं ने अपने प्राण गंवाए, उनके परिवारों का पूरा दायित्व सरकार उठाएगी । (ममता बनर्जी सरकार के कार्यकाल में ३०० से अधिक कार्यकर्ताओं की राजनीतिक हिंसा में हत्या होने का भाजपा का दावा है ।) ये ५ निर्णय बैठक में लिए गए ।

बैठक के बारे में अधिक जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि बंगाल के सीमावर्ती जिलों में लगातार परिवर्तित होती जनसंख्या को ध्यान में रखते हुए मंत्रिमंडल ने सीमा पर बाड लगाने के लिए सीमा सुरक्षा बल को आवश्यक भूमि सौंपने की प्रक्रिया को अनुमति दी है । मुख्य सचिव एवं राज्य के भूमि एवं भू-राजस्व विभाग के सचिव को अगले ४५ दिनों में यह प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं ।

संपादकीय भूमिका

  • सीमा पर बाड लगाने के लिए भी ममता बनर्जी सरकार ने भूमि नहीं दी थी । इससे उनकी देशविरोधी एवं बांग्लादेशी मुसलमानों के प्रति पक्षपाती मानसिकता का चरम दिखाई देता है ! इस प्रकरण में उन पर अभियोग प्रविष्ट कर कार्रवाई की जानी चाहिए !
  • जनता को स्वास्थ्य सुविधा देने वाली आयुष्मान भारत योजना भी लागू न करनेवाली ममता बनर्जी जनता-विरोधी ही थीं । इसी कारण बंगाल की जनता ने उन्हें सत्ता से बाहर कर दिया, यह स्पष्ट होता है !