नासिक के सिंहस्थ पर्व की पृष्ठभूमि में ‘वैदिक संस्कार’ का अल्पकालिक पाठ्यक्रम पढाया जाएगा !

२०६ नए अल्पकालिक व्यवसायिक पाठ्यक्रमों का आज प्रधानमंत्री के हाथों उद्घाटन

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के हाथों उद्घाटन

नासिक – कौशल, जीवकोपार्जन, उद्योग एवं नवाचार मंत्री मंगलप्रभात लोढा ने मंत्रालय में एक पत्रकार परिषद में जानकारी दी कि वर्ष २०२७ में नासिक में होने वाले सिंहस्थ पर्व (कुंभ मेला) की पृष्ठभूमि में जिले के आईटीआई (शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान) में ‘वैदिक संस्कार जूनियर असिस्टेंट’ नामक एक नया पाठ्यक्रम आरंभ किया जाएगा ।

यह पाठ्यक्रम इसलिए तैयार किया गया है क्योंकि सिंहस्थ पर्व के समय वैदिक पद्धति से धार्मिक विधि-विधान करने वाले व्यक्तियों की कमी अनुभव हो सकती है । यह ३ से ६ महीने का पाठ्यक्रम होगा, जिससे वैदिक संस्कार कराने वाले व्यक्ति सरलता से उपलब्ध हो सकेंगे । प्रत्येक सिंहस्थ पर्व में ऐसे व्यक्तियों का अभाव अनुभव होने के कारण यह पहल की जा रही है, जिसे जिले के विभिन्न आईटीआई कॉलेजों में लागू किया जाएगा ।

राज्यभर में २०६ नए रोजगारोन्मुखी पाठ्यक्रम

राज्य सरकार द्वारा ‘अल्पकालिक रोजगार पाठ्यक्रम’ नामक एक अभिनव पहल की जा रही है, जिसमें उपरोक्त ‘वैदिक संस्कार’ पाठ्यक्रम भी समाहित है । इसके अंतर्गत, राज्य के शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों तथा शासकीय तकनीकी विद्यालयों में २०६ से अधिक नए रोजगारोन्मुखी पाठ्यक्रम एवं उनके लिए २५०६ बैच आरंभ किए जाएंगे ।

इन पाठ्यक्रमों का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों ८ सितंबर को ऑनलाइन किया जाएगा । इन पाठ्यक्रमों में निम्नलिखित विषयों को सम्मिलित किया गया है :

१. ड्रोन टेक्नोलॉजी
२. साइबर सुरक्षा
३. सौर ऊर्जा
४. इंटरनेट ऑफ थिंग्स
५. आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (कृत्रिम बुद्धिमत्ता)
६. ग्रीन हाइड्रोजन
७. मोबाइल ठीक करना (मरम्मत)
८. सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर (समाजमाध्यम प्रभावी व्यक्ति)

युवाओं को प्रशिक्षण का लक्ष्य

इस पहल के अंतर्गत २५ प्रतिशत सीटें संस्थान के विद्यार्थियों के लिए आरक्षित हैं । यह कार्यक्रम राज्यभर में ६०० स्थानों पर आयोजित किया जाएगा, तथा इस वर्ष ७५००० युवाओं को प्रशिक्षण देने का लक्ष्य है । साथ ही, महिलाओं के लिए ३६४ विशेष बैच होंगे ।