अधिवक्ता ने कहा, ‘सनातन का अपमान सहन नहीं करेंगे।’

नई दिल्ली – सर्वोच्च न्यायालय में मुख्य न्यायाधीश भूषण रामकृष्ण गवई पर एक अधिवक्ता ने न्यायालय में ही सुनवाई के समय जूता फेंकने का प्रयास किया । यह अधिवक्ता न्यायमूर्तियों के बैठने वाले मंच तक गया, उसने अपना जूता निकाला तथा मुख्य न्यायाधीश पर फेंकने का प्रयास किया । उस समय न्यायालय के सुरक्षा कर्मियों ने उसे पकड लिया और बाहर ले गए । न्यायालय से बाहर निकलते समय अधिवक्ता ने नारे लगाते हुए कहा, ‘हम सनातन धर्म का अपमान सहन नहीं करेंगे ।’
मुझे ऐसी बातों से कोई फर्क नहीं पडता – मुख्य न्यायाधीश
इस घटना के बाद मुख्य न्यायाधीश ने न्यायालय में उपस्थित अधिवक्ताओं से कहा कि वे अपना वाद विवाद चालू रखें । उन्होंने कहा कि ऐसी बातों पर मैं ध्यान नहीं देता ।
भगवान विष्णु की मूर्ति के संबंध में किए गए कथन के कारण विरोध होने की बात –

मध्यप्रदेश के खजुराहो में भगवान विष्णु की ७ फुट ऊंची खंडित मूर्ति को हटाकर वहां नई मूर्ति स्थापित करने के संदर्भ में याचिका प्रविष्ट की गई थी । कुछ दिन पूर्व सुनवाई करते समय मुख्य न्यायाधीश गवई ने याचिकाकर्ता की याचिका अस्वीकार करते हुए कहा था, ‘जाओ और भगवान से कहो कि वे स्वयं यह करें । तुम भगवान विष्णु के कट्टर भक्त होने की बात करते हो, तो जाओ तथा उनसे प्रार्थना करो ।’ इसी घटना के कारण अधिवक्ता ने जूता फेंकने का प्रयास किया, ऐसी बात सामने आई है ।
हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य बंद किया गया, तो पूरे ईरान को नष्ट कर दिया जाएगा ! : Donald Trump
(और इनकी सुनिए…) “भारत के विरुद्ध युद्ध छेडे बिना कोई विकल्प नहीं बचेगा !” – Khawaja Asif
Drug Combinations Ban : केंद्र सरकार द्वारा १६ प्रकार की मिश्रित औषधियों पर प्रतिबंध ।
Dhule Police : धुले में गुंडों द्वारा पुलिसकर्मियों की लात-घूंसों से पिटाई , ३ आरोपी बंदी बनाए गए ।
Jamaat-e-Islami Protest : ढाका (बांग्लादेश) स्थित भारतीय दूतावास पर ‘जमात-ए-इस्लामी’ द्वारा मोर्चा निकालकर आक्रमण करने का प्रयास
फुटपाथ पर चलना लोगों का मौलिक अधिकार है ! – सर्वोच्च न्यायालय