‘द केरल स्टोरी’ संबंधी शबाना आजमी की ‘चतुराई’ सामाजिक माध्यमों द्वारा उजागर !

विख्यात अभिनेत्री शबाना आजमी ने ‘द केरल स्टोरी’ संबंधी ट्वीट करते हुए कहा था, चलचित्र ‘लाल सिंह चड्डा’ पर प्रतिबंध लगाने की पहले की मांग जिस प्रकार अनुचित है, उसी प्रकार ‘द केरल स्टोरी’ चलचित्र पर प्रतिबंध लगाने की मांग भी अनुचित है ।

(इनकी सुनिए ) ‘द केरल स्टोरी’ चलचित्र झूठ की चरम सीमा पर !’

राष्ट्रवादी कांग्रेस के विधायक जितेंद्र आव्हाड का निरर्थक शोध ! चलचित्र के माध्यम से हिन्दू समाज ‘लव जिहाद’ के विरुद्ध जागरूक होना जितेंद्र आव्हाड को सलता है, इसलिए वे चलचित्र को झूठा सिद्ध करने के लिए परिश्रम कर रहे हैं |

कल्याण के दुर्गाडी गढ पर मुसलमानों के अतिक्रमण को पुलिस एवं महानगरपालिका का समर्थन  !

अतिक्रमण हटाने का जिलाधिकारी का आदेश कचरे की टोकरी में !

 ‘द केरला स्टोरी’ के सदस्य को धमकी !

सत्य का विरोध होता ही है, इसे सामने लानेवाली एक घटना ! वास्तविकता सामने लानेवाले इस तरह की धमकियों से डरते नहीं हैं, यह ध्यान दिया जाना चाहिए !

गत ५ माह में नासिक से ९५६ लडकियां तथा महिलाएं लापता !

‘द केरल स्टोरी’ चलचित्र के विरोध की मांग करनेवालों को इस विषय में क्या कहना है ? इस विषय को अभी ही गंभीरता से देखना चाहिए, अन्यथा ‘द महाराष्ट्र स्टोरी’ गढने में समय नहीं लगेगा !

‘द केरल स्टोरी’ चित्रपट पर लगे प्रतिबंध के विरोध में उच्च न्यायालय में जाएंगे !

न्यायालय द्वारा चित्रपट को अनुमति देने के उपरांत उस पर तमिलनाडु और बंगाल सरकार कैसे प्रतिबंध लगा सकती है ? इस प्रतिबंध के विरोध में हम कानूनी मार्ग से लडेंगे । हमने देश की अत्यंत गंभीर समस्या इस चित्रपट के माध्यम से समाज के सामने रखी है ।

‘द केरला स्टोरी’ का विरोध करना अनुचित ! – अभिनेत्री शबाना आजमी

अभिनेत्री शबाना आजमी ने ट्वीट कर कहा कि अभी-अभी प्रदर्शित हुए चलचित्र ‘द केरला स्टोरी’ का विरोध करना अनुचित है ।

उल्हासनगर में १ माह में ६ हिन्दू युवतियों का मुसलमानों के साथ पलायन !

भागी हुई लडकियों के माता-पिता ने पुलिस थाने में जब शिकायत की तब पुलिस ने उन्हें ढूंढना आरंभ किया । ये हिन्दू युवतियां साधारण परिवार की हैं ।

‘द केरल स्टोरी’ चलचित्र ‘इस्लामिक स्टेट’ पर है, इसका विरोध करनेवाले आतंकवादी हैं ! – अभिनेत्री कंगना राणावत

‘द केरल स्टोरी’ चलचित्र इस्लामिक स्टेट के अतिरिक्त किसी को भी बुरा अथवा अनुचित नहीं लगता, देश की सबसे उत्तरदायी संस्था उच्च न्यायालय यदि ऐसा कहती है, तो उसका कहना सही है । इस्लामिक स्टेट आतंकवादी संगठन है ।

पाकिस्तान को सूचना उपलब्ध कराने के प्रकरण में पुणे में डी.आर.डी.ओ. के संचालक को ए.टी.एस. ने बंदी बनाया !

मातृभूमि के साथ विश्वासघात करने वाले ऐसे अधिकारियों के लिए कठोर दंड की अपेक्षा की जाती है । डी.आर.डी.ओ. जैसे राष्ट्ररक्षा से जुडे एक महत्त्वपूर्ण संगठन में यदि इस प्रकार की घटनाएं हो रही हैं, तो यह स्थिति अत्यंत गंभीर  है !